संजय राउत बोले- अपनी मांग से पीछे नहीं हटे हैं,एकनाथ शिंदे शिवसेना विधायक दल के नेता चुने गए

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संजय राउत बोले- अपनी मांग से पीछे नहीं हटे हैं,एकनाथ शिंदे शिवसेना विधायक दल के नेता चुने गए

मुंबई। महाराष्ट्र में सरकार बनाने को लेकर भाजपा और शिवसेना के बीच खींचतान जारी है। इस बीच गुरुवार को शिवसेना विधायक दल की बैठक हुई। इसमें एकनाथ शिंदे को विधायक दल का नेता चुना गया। इससे पहले बुधवार को भाजपा विधायकों ने देवेंद्र फडणवीस को अपना नेता चुना था।

Sanjay Raut Said Has Not Backed Down From His Demand Eknath Shinde Elected Leader Of Shiv Sena Legislature Party :

शिवसेना विधायक दल की बैठक से पहले शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा कि हम मांग से पीछे नहीं हटे हैं। संजय राउत ने कहा कि वो अपनी मांग से पीछे नहीं हटे हैं। अगर कोई पीछे हटा है तो वो हमारी सहयोगी पार्टी है। हम 50-50 के क़रार पर अडिग हैं। राउत ने कहा कि अगर बीजेपी के पास 145 विधायक हैं तो वह सरकार बना ले। शिवसेना भवन में जारी बैठक में उद्धव भी शामिल हैं। खबर ये भी है कि आज सरकार गठन को लेकर बीजेपी और शिवसेना की गोपनीय बैठक हो सकती है।

इस बीच, शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत ने एक ट्वीट कर मीडिया में चल रही उन ख़बरों को ग़लत बताया है जिसमें ये कहा जा रहा है कि शिवसेना नरम पड़ गई है। आपको बता दें कि एक दिन पहले ही शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा था कि महाराष्ट्र के व्यापक हित में ‘सम्मान’ से समझौता किए बगैर पार्टी के लिए भाजपा नीत गठबंधन में बने रहना जरुरी है।

Eknath shinde
एकनाथ शिंदे शिवसेना विधायक दल के नेता चुने गए

एकनाथ शिंदे बने शिवसेना विधायक दल के नेता
एकनाथ शिंदे शिवसेना विधायक दल के नेता चुन लिए गए हैं। पार्टी सुप्रीमो उद्धव ठाकरे की अध्यक्षता में चल रही विधायक दल की बैठक में शिंदे को विधायक दल का नेता चुना गया है। माना जा रहा है कि इस बैठक के बाद महाराष्ट्र में कई दिनों से मुख्यमंत्री पद को लेकर चल रहे गतिरोध पर भी सकारात्मक निर्णय आ जाएगा।

13 मंत्री पद देने को भाजपा तैयार
महाराष्ट्र में एनडीए सरकार बनाने के लिए भाजपा इस बार शिवसेना को डिप्टी सीएम और 13 मंत्री पद देने के लिए तैयार है, लेकिन गृह, राजस्व, वित्त और नगरीय विकास जैसे विभाग शिवसेना को देने के लिए तैयार नहीं है। शिवसेना की नजर इन विभागों पर टिकी है। पिछली सरकार में शिवसेना को 6 कैबिनेट और 7 राज्यमंत्री पद दिए गए थे। पार्टी सूत्रों के अनुसार, भाजपा को शिवसेना को उपमुख्यमंत्री पद देने में कोई समस्या नहीं है, लेकिन गृह मंत्री पद देने को तैयार नहीं है।

मुंबई। महाराष्ट्र में सरकार बनाने को लेकर भाजपा और शिवसेना के बीच खींचतान जारी है। इस बीच गुरुवार को शिवसेना विधायक दल की बैठक हुई। इसमें एकनाथ शिंदे को विधायक दल का नेता चुना गया। इससे पहले बुधवार को भाजपा विधायकों ने देवेंद्र फडणवीस को अपना नेता चुना था। शिवसेना विधायक दल की बैठक से पहले शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा कि हम मांग से पीछे नहीं हटे हैं। संजय राउत ने कहा कि वो अपनी मांग से पीछे नहीं हटे हैं। अगर कोई पीछे हटा है तो वो हमारी सहयोगी पार्टी है। हम 50-50 के क़रार पर अडिग हैं। राउत ने कहा कि अगर बीजेपी के पास 145 विधायक हैं तो वह सरकार बना ले। शिवसेना भवन में जारी बैठक में उद्धव भी शामिल हैं। खबर ये भी है कि आज सरकार गठन को लेकर बीजेपी और शिवसेना की गोपनीय बैठक हो सकती है। इस बीच, शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत ने एक ट्वीट कर मीडिया में चल रही उन ख़बरों को ग़लत बताया है जिसमें ये कहा जा रहा है कि शिवसेना नरम पड़ गई है। आपको बता दें कि एक दिन पहले ही शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा था कि महाराष्ट्र के व्यापक हित में ‘सम्मान' से समझौता किए बगैर पार्टी के लिए भाजपा नीत गठबंधन में बने रहना जरुरी है। [caption id="attachment_340480" align="alignnone" width="300"]Eknath shinde एकनाथ शिंदे शिवसेना विधायक दल के नेता चुने गए[/caption] एकनाथ शिंदे बने शिवसेना विधायक दल के नेता एकनाथ शिंदे शिवसेना विधायक दल के नेता चुन लिए गए हैं। पार्टी सुप्रीमो उद्धव ठाकरे की अध्यक्षता में चल रही विधायक दल की बैठक में शिंदे को विधायक दल का नेता चुना गया है। माना जा रहा है कि इस बैठक के बाद महाराष्ट्र में कई दिनों से मुख्यमंत्री पद को लेकर चल रहे गतिरोध पर भी सकारात्मक निर्णय आ जाएगा। 13 मंत्री पद देने को भाजपा तैयार महाराष्ट्र में एनडीए सरकार बनाने के लिए भाजपा इस बार शिवसेना को डिप्टी सीएम और 13 मंत्री पद देने के लिए तैयार है, लेकिन गृह, राजस्व, वित्त और नगरीय विकास जैसे विभाग शिवसेना को देने के लिए तैयार नहीं है। शिवसेना की नजर इन विभागों पर टिकी है। पिछली सरकार में शिवसेना को 6 कैबिनेट और 7 राज्यमंत्री पद दिए गए थे। पार्टी सूत्रों के अनुसार, भाजपा को शिवसेना को उपमुख्यमंत्री पद देने में कोई समस्या नहीं है, लेकिन गृह मंत्री पद देने को तैयार नहीं है।