अलीगढ़: दोहरे हत्याकांड को लेकर जुमे की नमाज के बाद प्रदर्शन, कई पुलिसकर्मी घायल

अलीगढ़। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ के सराय बैरागी इलाके में सोमवार को हुए दोहरे हत्याकांड को लेकर शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद संप्रदाय विशेष के लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने जब प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की तो उग्र प्रदर्शनकारियों ने पथराव शुरू कर दिया। जिसकी चपेट में आने से एक सब इंस्पेक्टर समेंत तीन पुलिस कर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए। इलाके के रेलवे रोड बाजार में हुई इस घटना के बाद दुकाने बंद कराकर आरपीएफ की एक टीम को तैनात कर स्थिति को नियंत्रित किया जा सका।

Sarai Bairagi Area Of Aligarh City Tensed Over Double Murder Case Taken Place Four Days Before :

मिली जानकारी के मुताबिक प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि सोमवार को इलाके में हुई संप्रदाय विशेष के दो युवकों की हत्या के मामले में स्थानीय पुलिस सक्रियता नहीं दिखा रही है। जिस वजह से हत्यारोपी चार दिन बीतने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है।

इस प्रदर्शन को शांत करवाने के लिए अलीगढ़ के जिलाधिकारी और एसएसपी ने तनावग्रस्त इलाके का दौरा कर लोगों को शांत रहने की अपील करते हुए, पीड़ित परिवार को पूरा इंसाफ मिलने की बात कही है। प्रशासनिक अधिकारियों ने इलाके के नेताओं से मुलाकात कर प्रदर्शनकारियों को इलाके में शांति बहाली के प्रयासों को सफल बनाने में मदद मांगी है। फिलहाल रेलवे रोड़ बाजार में आरपीएफ के जवान तैनात रखे गए हैं।

आपको बता दें कि रविवार को रेलवे रोड़ के ही एक कचौड़ी विक्रेता सुरेश हलवाई और वसीम के बीच कहासुनी हो गई थी। इसी कहासुनी के बाद अगले दिन सुबह दोनों पक्षों में मारपीट हो गई मौके पर वसीम के छोटे आशू के पहुंचने के बाद खुद को कमजोर पड़ता देख सुरेश हलवाई ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से गोली चला दी थी। जिसकी चपेट में आकर वसीम और उसके भाई आसू की मौत हो गई थी। पूरा विवाद सुरेश हलवाई की गोदाम के बार खड़े होने को लेकर शुरू हुआ था।

अलीगढ़। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ के सराय बैरागी इलाके में सोमवार को हुए दोहरे हत्याकांड को लेकर शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद संप्रदाय विशेष के लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने जब प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की तो उग्र प्रदर्शनकारियों ने पथराव शुरू कर दिया। जिसकी चपेट में आने से एक सब इंस्पेक्टर समेंत तीन पुलिस कर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए। इलाके के रेलवे रोड बाजार में हुई इस घटना के बाद दुकाने बंद कराकर आरपीएफ की एक टीम को तैनात कर स्थिति को नियंत्रित किया जा सका।मिली जानकारी के मुताबिक प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि सोमवार को इलाके में हुई संप्रदाय विशेष के दो युवकों की हत्या के मामले में स्थानीय पुलिस सक्रियता नहीं दिखा रही है। जिस वजह से हत्यारोपी चार दिन बीतने के बाद भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है।इस प्रदर्शन को शांत करवाने के लिए अलीगढ़ के जिलाधिकारी और एसएसपी ने तनावग्रस्त इलाके का दौरा कर लोगों को शांत रहने की अपील करते हुए, पीड़ित परिवार को पूरा इंसाफ मिलने की बात कही है। प्रशासनिक अधिकारियों ने इलाके के नेताओं से मुलाकात कर प्रदर्शनकारियों को इलाके में शांति बहाली के प्रयासों को सफल बनाने में मदद मांगी है। फिलहाल रेलवे रोड़ बाजार में आरपीएफ के जवान तैनात रखे गए हैं।आपको बता दें कि रविवार को रेलवे रोड़ के ही एक कचौड़ी विक्रेता सुरेश हलवाई और वसीम के बीच कहासुनी हो गई थी। इसी कहासुनी के बाद अगले दिन सुबह दोनों पक्षों में मारपीट हो गई मौके पर वसीम के छोटे आशू के पहुंचने के बाद खुद को कमजोर पड़ता देख सुरेश हलवाई ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से गोली चला दी थी। जिसकी चपेट में आकर वसीम और उसके भाई आसू की मौत हो गई थी। पूरा विवाद सुरेश हलवाई की गोदाम के बार खड़े होने को लेकर शुरू हुआ था।