सोनभद्र हत्याकांड : CM योगी ने कांग्रेस को ठहराया जिम्मेेदार, कहा-घटना की नींव 1955 में ही पड़ी थी

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लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोनभद्र हत्याकांड पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि, घटना में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। सीएम ने घटना में कमेटी बनाकर जांच के आदेश दिये थे। सीएम ने कहा कि इस घटना में 10 लोगों की मौत हो गयी है, जबकि 28 लोग घायल हैं। घयलों को उपचार के लिए बीएचू ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है। सीएम ने इस घटना पर सीधे तौर पर कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि, इस घटना की नींव 1955 में ही पड़ गई थी, जब कांग्रेस की सरकार थी।

Sonbhadra Murder Case Up Cm Yogi Adityanath :

सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि, सोनभद्र में जो घटना घटी है, उसकी नींव 1955 में रखी गई थी। इस पूरे प्रकरण में ग्राम पंचायत की जमीन को 1955 में आदर्श सोसाइटी के नाम पर दर्ज कर दिया गया था। बाद में किसी व्यक्ति के नाम 1989 में कर दिया गया था। 1955 में कांग्रेस की सरकार थी। सीएम ने कहा कि, इस घटना में डीजीपी को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गये थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस जमीन पर काफी समय से विवाद था। सीएम योगी ने कहा कि, पीड़ित पक्ष इस जमीन पर खेती कर रहा था और आरोपी प्रधान को कुछ पैसा भी दे रहा था, लेकिन इस मामले में प्रधान द्वारा वाद दायर करने के बाद पीड़ित परिवार ने पैसा देना बंद कर दिया था। इस मामले में कुल 29 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

 

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोनभद्र हत्याकांड पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि, घटना में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। सीएम ने घटना में कमेटी बनाकर जांच के आदेश दिये थे। सीएम ने कहा कि इस घटना में 10 लोगों की मौत हो गयी है, जबकि 28 लोग घायल हैं। घयलों को उपचार के लिए बीएचू ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है। सीएम ने इस घटना पर सीधे तौर पर कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि, इस घटना की नींव 1955 में ही पड़ गई थी, जब कांग्रेस की सरकार थी। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि, सोनभद्र में जो घटना घटी है, उसकी नींव 1955 में रखी गई थी। इस पूरे प्रकरण में ग्राम पंचायत की जमीन को 1955 में आदर्श सोसाइटी के नाम पर दर्ज कर दिया गया था। बाद में किसी व्यक्ति के नाम 1989 में कर दिया गया था। 1955 में कांग्रेस की सरकार थी। सीएम ने कहा कि, इस घटना में डीजीपी को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गये थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस जमीन पर काफी समय से विवाद था। सीएम योगी ने कहा कि, पीड़ित पक्ष इस जमीन पर खेती कर रहा था और आरोपी प्रधान को कुछ पैसा भी दे रहा था, लेकिन इस मामले में प्रधान द्वारा वाद दायर करने के बाद पीड़ित परिवार ने पैसा देना बंद कर दिया था। इस मामले में कुल 29 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।