ब्राह्मण होने के चलते यादव सेना के निशाने पर आई पंखुडी पाठक का सपा से इस्तीफा

लखनऊ। समाजवादी पार्टी की युवा प्रवक्ता पंखुड़ी पाठक ने समाजवादी पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। पंखुड़ी ने अपने इस्तीफा देने की जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से साझा करते हुए लिखा है कि ब्राह्मण होने को कारण यादव सेना नाम के संगठन द्वारा उन्हें रोज अपमानित किया जाता है। जिससे आहत होकर उन्होंने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही पंखुड़ी ने स्पष्ट किया है कि वह किसी अन्य राजनीतिक दल में नहीं जा रहीं हैं। वह बीजेपी में शामिल होने से पहले देश छोड़ना पसन्द करेंगी।




अपने इस्तीफे की जानकारी साझा करते हुए पंखुड़ी ने लिखा है कि जिन लोगों उनकी वजह से निराशा हुई है, वह उनसे हाथ जोड़कर मांफी मांगती हैं। हो सके तो उन्हें मांफ कर दें। यादव सेना के जिन भाइयों की मांग थी कि उन्हें पार्टी से बाहर कर दिया जाए उनकी बात मान ली गई है। यादव सेना के लोगों को लगता है कि अखिलेश यादव सिर्फ ब्राह्मणों को प्रमोट करते हैं। लेकिन अब उनका ये बहाना नहीं चलेगा। उन्हें उम्मीद है कि यादव सेना के लोग उम्र भर अखिलेश यादव के समर्थन में काम करते रहेंगे।



Spokesperson Pankhudi Pathak Resigned From The Samajwadi Party :

आपको बता दें कि दिल्ली के हंसराज कालेज की छात्र राजनीति से समाजवादी पार्टी में शामिल होकर पार्टी प्रवक्ता बनने से लेकर न्यूज डिबेट्स में पार्टी का पक्ष रखने वाली पंखुड़ी पाठक का सोशल मीडिया पर यादव सेना नाम विवाद चल रहा था। इस संगठन ने पंखुड़ी पाठक के खिलाफ सोशल मीडिया पर एक मुहिम छेड़ रखी थी।

लखनऊ। समाजवादी पार्टी की युवा प्रवक्ता पंखुड़ी पाठक ने समाजवादी पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। पंखुड़ी ने अपने इस्तीफा देने की जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से साझा करते हुए लिखा है कि ब्राह्मण होने को कारण यादव सेना नाम के संगठन द्वारा उन्हें रोज अपमानित किया जाता है। जिससे आहत होकर उन्होंने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही पंखुड़ी ने स्पष्ट किया है कि वह किसी अन्य राजनीतिक दल में नहीं जा रहीं हैं। वह बीजेपी में शामिल होने से पहले देश छोड़ना पसन्द करेंगी। अपने इस्तीफे की जानकारी साझा करते हुए पंखुड़ी ने लिखा है कि जिन लोगों उनकी वजह से निराशा हुई है, वह उनसे हाथ जोड़कर मांफी मांगती हैं। हो सके तो उन्हें मांफ कर दें। यादव सेना के जिन भाइयों की मांग थी कि उन्हें पार्टी से बाहर कर दिया जाए उनकी बात मान ली गई है। यादव सेना के लोगों को लगता है कि अखिलेश यादव सिर्फ ब्राह्मणों को प्रमोट करते हैं। लेकिन अब उनका ये बहाना नहीं चलेगा। उन्हें उम्मीद है कि यादव सेना के लोग उम्र भर अखिलेश यादव के समर्थन में काम करते रहेंगे। आपको बता दें कि दिल्ली के हंसराज कालेज की छात्र राजनीति से समाजवादी पार्टी में शामिल होकर पार्टी प्रवक्ता बनने से लेकर न्यूज डिबेट्स में पार्टी का पक्ष रखने वाली पंखुड़ी पाठक का सोशल मीडिया पर यादव सेना नाम विवाद चल रहा था। इस संगठन ने पंखुड़ी पाठक के खिलाफ सोशल मीडिया पर एक मुहिम छेड़ रखी थी।