शर्मनाक : संभल में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के शवों को चारपाई पर रखकर दी गई श्रद्धांजलि

sambhal case
शर्मनाक : संभल में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के शवों को चारपाई पर रखकर दिया गई श्रंद्धांजली

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सम्भल जिले में बुधवार को हुई घटना में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के मामले में पुलिस विभाग का एक फिर से अमानवीय चेहरा सामने आया है। बता दें कि घटना के बाद पहले तो घायल पुलिसकर्मियों को एम्बुलेंस नहीं मिली, लिहाजा उन्हे टैम्पो में डालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन वहां पहुंचने से पहले उनकी मौत हो चुकी थी।

Srandhanjali Given To The Dead Body Of The Policemen Killed In Sambhal :

वहीं अब एक बार फिर से पुलिस की लापरवाही सामने आई है। जहां एक तरफ से किसी राजनेता की मौत पर बड़े—बड़े मंच बनाकर उन्हे श्रंद्धांजली दी जाती है, वहीं संभल में अपनी डयूटी निभाते हुए जान गंवाने वाले दोनों पुलिसकर्मियों को श्रंद्धांजली देते वक्त लकड़ी की चारपाई पर लिटा दिया गया, जहां पुलिस विभाग के अधिकारियों समेत अन्य पुलिसकर्मियों ने उन्हे श्रंद्धांजली दी।

बता दें कि बुधवार को संभल में कुछ कैदियों को लेकर मुरादाबाद जा रही एक वैन को अज्ञात बदमाशों ने बनियाठेर इलाके में जबरन रोक लिया और सुरक्षा में तैनात सिपाहियों हरेन्द्र और बृजपाल को गोली मार दी। इस वारदात में दोनों सिपाहियों की मौत हो गयी थी। घटना को अंजाम देने के बाद बदमाश पुलिसकर्मियों की रायफल और तीन कैदियों को साथ लेकर भाग गये।

फिलहाल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस वारदात में शहीद हुए दोनों पुलिसकर्मियों के परिजन को 50-50 लाख रुपये की सहायता और प्रत्येक शहीद पुलिसकर्मी की पत्नी को असाधारण पेंशन तथा परिवार के एक आश्रित को सरकारी नौकरी दिए जाने के भी आदेश दिए हैं।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सम्भल जिले में बुधवार को हुई घटना में शहीद हुए पुलिसकर्मियों के मामले में पुलिस विभाग का एक फिर से अमानवीय चेहरा सामने आया है। बता दें कि घटना के बाद पहले तो घायल पुलिसकर्मियों को एम्बुलेंस नहीं मिली, लिहाजा उन्हे टैम्पो में डालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन वहां पहुंचने से पहले उनकी मौत हो चुकी थी। वहीं अब एक बार फिर से पुलिस की लापरवाही सामने आई है। जहां एक तरफ से किसी राजनेता की मौत पर बड़े—बड़े मंच बनाकर उन्हे श्रंद्धांजली दी जाती है, वहीं संभल में अपनी डयूटी निभाते हुए जान गंवाने वाले दोनों पुलिसकर्मियों को श्रंद्धांजली देते वक्त लकड़ी की चारपाई पर लिटा दिया गया, जहां पुलिस विभाग के अधिकारियों समेत अन्य पुलिसकर्मियों ने उन्हे श्रंद्धांजली दी। बता दें कि बुधवार को संभल में कुछ कैदियों को लेकर मुरादाबाद जा रही एक वैन को अज्ञात बदमाशों ने बनियाठेर इलाके में जबरन रोक लिया और सुरक्षा में तैनात सिपाहियों हरेन्द्र और बृजपाल को गोली मार दी। इस वारदात में दोनों सिपाहियों की मौत हो गयी थी। घटना को अंजाम देने के बाद बदमाश पुलिसकर्मियों की रायफल और तीन कैदियों को साथ लेकर भाग गये। फिलहाल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस वारदात में शहीद हुए दोनों पुलिसकर्मियों के परिजन को 50-50 लाख रुपये की सहायता और प्रत्येक शहीद पुलिसकर्मी की पत्नी को असाधारण पेंशन तथा परिवार के एक आश्रित को सरकारी नौकरी दिए जाने के भी आदेश दिए हैं।