बिहार की जनता के साथ यह धोखा व विश्वासघात है: मायावती

लखनऊ। बीजेपी के पैतरे से बिहार की राजनीति में आए अचानक भूचाल ने तमाम विपक्षी पार्टियों के माथे पर सिकन ल दिया है। महज 15 घंटों की उठा पटक में बिहार का पूरा सियासी समीकरण ही बदल डाला। जिसके बाद से देश बाहर के राजनेताओं की इस मुद्दे पर प्रतिक्रियाएं आ रही है। अब इसी कड़ी में बीएसपी सुप्रीमों मायावती ने इस घटनाक्रम का जिक्र करते हुए इसे लोकतन्त्र के लिए खतरा बताया हैं। माया की माने तो इस तरह से जनता के विश्वास को छला गया है, जिन समुदाय के लोगों ने बीजेपी के विचारधारा का विरोध करते हुए अपनी सरकार बनाई थी अब फिर उन्हें उसी विचारधारा का शिकार होना पड़ेगा, जो कही से भी लोकतन्त्र के लिए शुभ संकेत नहीं है।

मायावती ने प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि अगर इसी तरह से लोकतन्त्र को चोट पहुंचाया जाता रहा तो यह और भी कमजोर होता चला जाएगा, इसे बचाने के लिए आम जनता को आगे बढ़ कर लड़ना होगा साथ ही इसे मजबूती प्रदान करना होगा। साथ ही बीजेपी पर हमला करते हुए बीएसपी सुप्रीमों कहा, बीजेपी को सिर्फ शीर्ष सत्ता का लोभ है जिसके लिए वह लगातार सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर लोकतन्त्र को खतरे में धकेल रही है। अभी तक यह सब मणिपुर और गोवा में हुआ लेकिन अब बिहार में भी।

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर निशाना साधते हुए माया ने कहा कि इन्होने बिहार की जनता के साथ धोखा व विश्वासघात किया है, बिहार की जनता ने मोदी लहर के विपरीत जाकर यहां धर्मनिरपेक्ष पार्टियों पर भरोसा जताते हुए उन्हें प्रचंड बहुमत दिलाई थी जिसका सम्मान अगले पाँच वर्ष जरूर किया जाना चाहिए था लेकिन ऐसा नहीं हुआ जो बेहद ही चिंता का विषय है।