बलिया की गैंगरेप पीड़िता ने सीएम से मांगी इच्छामृत्यु!

बलिया। यूपी में महिला सुरक्षा का दावा करने वाली योगी सरकार से बलिया की एक रेप पीड़िता ने पुलिस की निरंकुशता से त्रस्त आकर आत्मदाह की अनुमति मांगी है। प्रदेश में रामराज्य का दावा करने वाले सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ वैसे तो कई तरह का प्रयोग कर चुके है लेकिन अभी तक ये सारे प्रयोग विफल होते ही नज़र आ रहें है। अखबार के पन्नों में महिलाओं से अत्याचार की खबरे पाठकों के लिए रूटीन की खबर जैसी हो गई है। अभी बीतें दिनों बलिया की ही एक छात्रा को सरेराह दरिंदों ने गलारेत मौत के घाट उतार दिया जिसके बाद सरकार ने इस घटना की निंदा जरूर की लेकिन वक़्त बीतते ही इसे भी ठंडे बस्ते में डाल दिया। अब बलिया की इस रेप पीड़िता का सरकार से पत्र लिख आत्मदाह की अनुमति मांगना सरकार के गाल पर करारे तमाचा जैसा है।

दरअसल बलिया के सहतवार थाना क्षेत्र अंतर्गत एक गांव की गैंगरेप पीड़िता ने तंग आकार आत्मदाह की इच्छा जाहिर की है। इससे पहले पीड़िता ने न्याय खातिर हर उस संभव चौखट का दरवाजा खटखटा देख लिया जहां उसे इंसाफ की उम्मीद थी लेकिन हर जगह निराशा हाथ लगने के बाद पीड़िता ने यह कदम उठाने का फैसला लिया है। बता दें कि गर्भवती पीड़िता ने मुख्यमंत्री, मानवाधिकार आयोग, महिला आयोग व डीएम को पत्र भेजकर अपनी पीड़ा बताते हुए आत्महत्या करने की अनुमति देने की मांग की है। उसका कहना है कि वह घटना से पूरी तरह टूट चुकी है।

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अप्रैल में हुआ था गैंगरेप, अभी तक नहीं हुई गिरफ्तार
पीड़िता की माने तो अप्रैल 2017 में गांव के ही उसकी एक सहेली ने धोखे से घर पर बुलाया। वहां पहले से मौजूद अभियुक्त सिंटू गोंड एवं धनंजय शर्मा उर्फ टुन्नू शर्मा ने चाकू की नोक पर उसके साथ गैंगरेप किया। मुंह खोलने पर पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी थी। इनके भय के कारण किसी को कुछ नहीं बताया। जब करीब चार माह बाद गर्भवती होने का अहसास हुआ तो माता-पिता को आपबीती सुनाई। जिसके बाद माता-पिता उसे नौ अगस्त को थाने ले गए। वहां सहेली व उसके भाइयों के खिलाफ तहरीर दिया। तहरीर के बाद पुलिस ने सामूहिक दुष्कर्म समेत अन्य धाराओं में मुकदमा तो दर्ज कर लिया लेकिन कार्यवाई के नाम पर हाथ पर हाथ धरे बैठी रही। आलम यह है कि आरोपी खुलेआम घूम रहें है और पीड़िता के परिजनों को जान से मारने की धमकी भी दे रहें है।

पीड़िता ने पत्र में साफ-साफ लिखा है, ‘मैं मानसिक व शारीरिक कष्ट झेल रही हूं। आरोपियों द्वारा पिता समेत परिवार को फर्जी मुकदमें में फंसाने व जाने से मारने की धमकी बार-बार दी जा रही है। जिससे उबकर मैं इच्छा मृत्यु की भीख मांग रही हूं।’

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क्या कहती है पुलिस
इस बाबत प्रभारी एसपी/एएसपी विजय पाल सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। आरोपी शीघ्र की पुलिस के गिरफ्त में होंगे।

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