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यूपी में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल खत्म, शैलेंद्र दुबे, बोले-सरकार दमनपूर्ण कार्रवाई से बाज आए

यूपी में बिजली कर्मचारियों की जारी हड़ताल रविवार को खत्म हो गई है। विद्युत कर्मचारी संघर्ष समिति (Vidyut Karmachari Sanyukt Sangharsh Samiti)  के नेताओं ने लखनऊ में रविवार दोपहर ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा (Energy Minister AK Sharma) के साथ हुई बैठक के बाद हड़ताल खत्म करने की घोषणा कर दी है। बता दें कि हड़ताल आज रात 10 बजे तक चलनी थी।

By संतोष सिंह 
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लखनऊ। यूपी में बिजली कर्मचारियों की जारी हड़ताल रविवार को खत्म हो गई है। विद्युत कर्मचारी संघर्ष समिति (Vidyut Karmachari Sanyukt Sangharsh Samiti)  के नेताओं ने लखनऊ में रविवार दोपहर ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा (Energy Minister AK Sharma) के साथ हुई बैठक के बाद हड़ताल खत्म करने की घोषणा कर दी है। बता दें कि हड़ताल आज रात 10 बजे तक चलनी थी।

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ऊर्जा मंत्री एके शर्मा (Energy Minister AK Sharma) ने संघर्ष समिति को भी आश्वासन दिया कि हड़ताल के दौरान कर्मचारियों के खिलाफ की गई संपूर्ण कार्रवाई को वापस लिया जाएगा। और इसके लिए उन्होंने यूपीपीसीएल के चेयरमैन को निर्देशित भी किया कि अब तक कर्मचारियों के खिलाफ की गई कार्रवाई में चाहे एफआईआर हो, निलंबन हो या अन्य किसी प्रकार की कार्रवाई की गई हो, इसे शीघ्र ही वापस लिया जाएगा। संघर्ष के अन्य मुद्दों पर विचार करने के लिए आने वाले समय में वार्ता के माध्यम से हल किया जायेगा। ऊर्जा मंत्री ने संघर्ष समिति के पदाधिकारियों से भी कहा है कि प्रदेश में जहां कहीं भी विद्युत आपूर्ति बाधित हो, उसे शीघ्र संचालित किया जाए और जो भी कर्मचारी कार्यस्थल पर न हो, वह कार्यस्थल पर जाकर अपनी ड्यूटी करें।

रविवार को विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति (Vidyut Karmachari Sanyukt Sangharsh Samiti)  के नेताओं ने बैठक कर आगे की रणनीति तय की। बैठक के बाद समिति के संयोजक शैलेंद्र दुबे (Shailendra Dubey) ने ये जानकारी देते हुए बताया कि सोमवार को हम हाईकोर्ट में पेश होकर अपनी बात रखेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार से बातचीत के रास्ते अभी खुले हुए हैं। उन्होंने कहा कि रविवार रात 10 बजे रात हमारी टोकन स्ट्राइक खत्म हो रही है। उसके बाद आगे के लिए निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार दमनपूर्ण कार्रवाई से बाज आए।

कर्मचारियों की बैठक के बाद ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा (Energy Minister AK Sharma) की हड़ताली कर्मचारियों से बात होनी थी पर वादे के बाद भी वो नहीं पहुंचे। वहीं, हड़ताल से पूर्वांचल सहित प्रदेश के विभिन्न इलाकों में प्रभाव पड़ा है। कई जगह बिजली कर्मी फीडर बंद करके गायब हो गए हैं। ऐसे में बिजली उत्पादन होने के बाद भी आपूर्ति व्यवस्था ध्वस्त रही और आम जनता त्रस्त रही।

हड़ताल की वजह से  उद्योगों को लगा झटका

हड़ताल की वजह से प्रदेश के विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों शनिवार को भी उत्पादन प्रभावित हुआ। उद्यमियों का कहना है कि अभी तक छिटपुट कटौती का सामना करना पड़ा है, लेकिन हड़ताल लंबी चली तो समस्या ज्यादा बढ़ सकती है। इंडियन इंडस्ट्री एसोसिएशन (Indian Industry Association) के अधिशासी निदेशक डीएस वर्मा (Executive Director DS Verma) ने बताया कि कानपुर, वाराणसी सहित कई जगह से बिजली समस्या की शिकायतें मिली हैं। वहीं, निगमों की ओर से भरोसा दिया जा रहा है कि उन्हें पहले की तरह बिजली मिलती रहेगी।

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