कश्मीर में कम नहीं होगी पाबंदी, सुप्रीम कोर्ट ने कहा-मामला संवेदनशील, सरकार को वक्त मिले

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कश्मीर में कम नहीं होगी पाबंदी, सुप्रीम कोर्ट ने कहा-मामला संवेदनशील, सरकार को वक्त मिले

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद हटाए जाने के बाद वहां पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। इसके साथ ही वहां पर धारा 144 लागू है। वहीं, धारा 144 हटाने की याचिका पर सुनवाई से सुप्रीम कोर्ट ने इनकार कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मामला संवेदनशील है। इसमें सरकार को वक्त मिलना चाहिए। वहीं इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने अटॉर्नी जनरल से पूछा कि ये कब तक चलेगा।

Supreme Court Said Case Sensitive Government Should Get Time :

इस पर उन्होंने कहा कि ​जैसे ही स्थिति सामान्य होगी, व्यवस्था भी सामान्य हो जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि, हम कोशिश कर रहे हैं कि लोगों को कम से कम असुविधा हो। सुप्रीम कोर्ट ने पूछा कि क्या आप स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं? इस पर अटॉर्नी जनरल ने कहा कि, हम रोज समीक्षा कर रहे हैं। वहां की स्थिति में सुधार आ रहा है। उम्मीद है कि कुछ दिनों में हालात सामान्य हो जायेंगे।

याचिकाकर्ता की वकील ने कहा कि मूलभूत सुविधाओं को बहाल किया जाना चाहिए। कम से कम अस्पतालों में संचार सेवा को बहाल किया जाना चाहिए। इस पर अटॉर्नी जनरल ने कहा कि वहां की स्थिति संवेदनशील है। हम वहां की मूलभूत सुविधाओं को बहाल करने पर काम कर रहे हैं।

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद हटाए जाने के बाद वहां पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। इसके साथ ही वहां पर धारा 144 लागू है। वहीं, धारा 144 हटाने की याचिका पर सुनवाई से सुप्रीम कोर्ट ने इनकार कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मामला संवेदनशील है। इसमें सरकार को वक्त मिलना चाहिए। वहीं इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने अटॉर्नी जनरल से पूछा कि ये कब तक चलेगा। इस पर उन्होंने कहा कि ​जैसे ही स्थिति सामान्य होगी, व्यवस्था भी सामान्य हो जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि, हम कोशिश कर रहे हैं कि लोगों को कम से कम असुविधा हो। सुप्रीम कोर्ट ने पूछा कि क्या आप स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं? इस पर अटॉर्नी जनरल ने कहा कि, हम रोज समीक्षा कर रहे हैं। वहां की स्थिति में सुधार आ रहा है। उम्मीद है कि कुछ दिनों में हालात सामान्य हो जायेंगे। याचिकाकर्ता की वकील ने कहा कि मूलभूत सुविधाओं को बहाल किया जाना चाहिए। कम से कम अस्पतालों में संचार सेवा को बहाल किया जाना चाहिए। इस पर अटॉर्नी जनरल ने कहा कि वहां की स्थिति संवेदनशील है। हम वहां की मूलभूत सुविधाओं को बहाल करने पर काम कर रहे हैं।