‘सेना के पराक्रम पर शक करना मनोबल को गिराने जैसा’

बिजनौर। भारतीय फौज की सर्जिकल स्ट्राइक को लेकर सबूत मांगने वालों के खिलाफ सेवानिवृत्त फौजियों ने रोष जताया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन देकर सेना पर शक करने वाले व सबूत मांगने वाले हर व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।




ज्ञापन में कहा गया कि 29 सितंबर की रात हमारे जांबाज सैनिकों ने साहस का परिचय देते हुए पाकिस्तान में घुसकर सर्जिकल स्ट्राइक की थी। सेना ने आतंकी ठिकानों को नष्ट किया व 50 आतंकियों को मार गिराया, लेकिन कुछ राजनेताओं व अभिनेताओं द्वारा अभद्र टिप्पणी कर सर्जिकल स्ट्राइक के सबूत मांगा जाना शर्मनाक है।

सेना के पराक्रम पर शक करना मनोबल को गिराने जैसा है। ज्ञापन देने वालों में वीरेंद्र सिंह विष्ट, केशव सिंह, महेंद्र कुमार, मेहर सिंह व मोहम्मद असद आदि मौजूद रहे।

बिजनौर से शहजाद अंसारी की रिपोर्ट