आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर हो रहे हादसों में कमी लाने के लिए यूपीडा ने उठाया ये कदम

Lucknow-Agra expressway
आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर हो रहे हादसों में कमी लाने के लिए यूपीडा ने उठाया ये कदम

लखनऊ। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस—वे पर हो रहे हादसों को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) ने बड़ा कदम उठाया है। अक्सर हादसों में वाहन चालाकों की लापरवाही सामने आती है। हादसों में कमी लाने के लिए वाहना चालकों द्वारा गति सीमा का उल्लघंन करने पर ई-चालान की कार्रवाई शुरू कर दी गयी है। अब एक्सप्रेस-वे पर आगरा और लखनऊ के बीच का सफर तीन घंटे से पहले तय करने वाले वाहन चालकों का चालान काटा जाएगा।

The Steps Taken By Upda To Reduce The Accidents On The Agra Lucknow Expressway :

दरअसल, यूपीडा के वरिष्ठ अधिकारी अवनीश कुमार अवस्थी का कहना है कि आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर आए दिन दुर्घटनाएं होने से यह कदम उठाया जा रहा है। इस हाईवे पर तेज गति जानलेवा साबित हो रही है, जबकि इस पर ड्राइवरों के झपकी लेने से भी कई दुर्घटनाएं हुई हैं।

वहीं, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर आगरा और लखनऊ दोनों टोल प्लाजा पर यह व्यवस्था की है कि यदि कोई वाहन आगरा से लखनऊ या लखनऊ से आगरा तक की दूरी तीन घंटे से पहले तय कर लेता है तो उसका चालान काटा जाएगा। वहीं, अब तक 25 से अधिक ई-चालान वाहन मालिकों को भेजे गए हैं।

बता दें, उत्तर प्रदेश एक्सप्रेस-वे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) ने आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर टोल प्लाजा आगरा (21 किलोमीटर) व लखनऊ (290 किलोमीटर) पर स्थापित किए गए हैं और यहां आधुनिक उपकरणों द्वारा ली गई फोटो आदि डेटा की रिपोर्ट ई-मेल के माध्यम से लखनऊ व आगरा जिले के एसटी ट्रैफिक के कार्यालय को भेजी जाती है और फिर ई-चालान की प्रक्रिया पूरी होती है। इतना ही नहीं, हाईवे पर तेज रफ्तार वाहनों के ई-चालान के लिए यूपीडा ने एसएसपी लखनऊ व एसएसपी आगरा को पहले ही अनुरोध पत्र भेज रखा है।

लखनऊ। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस—वे पर हो रहे हादसों को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) ने बड़ा कदम उठाया है। अक्सर हादसों में वाहन चालाकों की लापरवाही सामने आती है। हादसों में कमी लाने के लिए वाहना चालकों द्वारा गति सीमा का उल्लघंन करने पर ई-चालान की कार्रवाई शुरू कर दी गयी है। अब एक्सप्रेस-वे पर आगरा और लखनऊ के बीच का सफर तीन घंटे से पहले तय करने वाले वाहन चालकों का चालान काटा जाएगा। दरअसल, यूपीडा के वरिष्ठ अधिकारी अवनीश कुमार अवस्थी का कहना है कि आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर आए दिन दुर्घटनाएं होने से यह कदम उठाया जा रहा है। इस हाईवे पर तेज गति जानलेवा साबित हो रही है, जबकि इस पर ड्राइवरों के झपकी लेने से भी कई दुर्घटनाएं हुई हैं। वहीं, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर आगरा और लखनऊ दोनों टोल प्लाजा पर यह व्यवस्था की है कि यदि कोई वाहन आगरा से लखनऊ या लखनऊ से आगरा तक की दूरी तीन घंटे से पहले तय कर लेता है तो उसका चालान काटा जाएगा। वहीं, अब तक 25 से अधिक ई-चालान वाहन मालिकों को भेजे गए हैं। बता दें, उत्तर प्रदेश एक्सप्रेस-वे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) ने आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर टोल प्लाजा आगरा (21 किलोमीटर) व लखनऊ (290 किलोमीटर) पर स्थापित किए गए हैं और यहां आधुनिक उपकरणों द्वारा ली गई फोटो आदि डेटा की रिपोर्ट ई-मेल के माध्यम से लखनऊ व आगरा जिले के एसटी ट्रैफिक के कार्यालय को भेजी जाती है और फिर ई-चालान की प्रक्रिया पूरी होती है। इतना ही नहीं, हाईवे पर तेज रफ्तार वाहनों के ई-चालान के लिए यूपीडा ने एसएसपी लखनऊ व एसएसपी आगरा को पहले ही अनुरोध पत्र भेज रखा है।