जो गरीबों के रुपये हड़प जाते थे, आज वे बौखलाकर कर रहे राजनीतिः CM योगी

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दलितों, वंचितों के आर्थिक विकास से ही समाज में आएगा संतुलन : योगी

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने वैश्विक माहामारी के इस आपात काल में निजी स्वार्थ की राजनीति करने वालों की घोर निंदा की है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग कोरोना की लड़ाई को कमजोर बनाने का प्रयास कर रहे हैं। वे अपने निजी राजनीति स्वार्थ के लिए ऐसा कर रहे हैं। गरीबों के खाते में रुपया जा रहा है तो उन लोगों को बौखलाहट हो रही है। इतना ही, नहीं योगी ने कहा है कि ऐसे लोग अभद्र आचरण कर रहे हैं, जनता उन्हें जवाब देगी।

Those Who Used To Grab The Money Of The Poor Today They Are Doing Politics In A Furious Manner Cm Yogi :

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को मीडिया से यह बात कही। उन्होंने कहा कि पहले चरण में 27 से 29 मार्च के बीच हमने 6.5 लाख से ज्यादा श्रमिकों को वापस प्रदेश लाए हैं और उनके उपचार और भोजन की व्यवस्था की। वहीं, दूसरे दसरे चरण में (पिछले 3 दिनों में) 50 हजार से अधिक प्रवासी श्रमिकों को वापस लाया गया है। इस सभी लोगों की मेडिकल जांच की गई। सरकार ने इनके खाने और रहने की व्यवस्था की। सरकार अपने सभी नागरिकों के साथ खड़ी है।

 सीएम ने कहा कि पहली बार आपदा के समय एक बड़ा राहत पैकेज प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत घोषित हुआ। जो लोग अपने शासन काल में गरीबों, महिलाओं का कल्याणकारी योजनाओं का पैसा हड़प जाते थे, आज जब यह पैसा उन गरीबों के खाते में पहुंच रहा है तो उनकी बौखलाहट स्पष्ट दिखाई देती है। असल में घोटाला करने वाले परेशान हैं।

सीएम ने कहा कि राज्य में 14 लाख मनरेगा मजदूरों को काम दिया गया है। इसके अलावा वापस लौटे 6.5 लाख प्रवासी मजदूरों का भी ख्याल रखा जा रहा है। 2.34 करोड़ किसानों के खाते में 2-2 हजार रुपए आ चुके हैं। 3.26 करोड़ महिलाओं के जन-धन अकाउंट में 1630 करोड़ रुपए की पहली किश्त अप्रैल और 1630 करोड़ की धनराशि मई महीने में आ चुकी है।

सीएम योगी ने कहा कि 1.47 करोड़ परिवारों को निशुल्क रसोई गैस के सिलेंडर उपलब्ध करवाए गए हैं। 18 करोड़ गरीबों को 2 बार राशन बांटा जा चुका है और तीसरी बार बंटने जा रहा है। 30 लाख से अधिक दिहाड़ी मजदूर और गरीब लोगों को सरकार 1000 रुपए का भरण-पोषण भत्ता और मुफ्त खाद्यान्न दे रही है।

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने वैश्विक माहामारी के इस आपात काल में निजी स्वार्थ की राजनीति करने वालों की घोर निंदा की है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग कोरोना की लड़ाई को कमजोर बनाने का प्रयास कर रहे हैं। वे अपने निजी राजनीति स्वार्थ के लिए ऐसा कर रहे हैं। गरीबों के खाते में रुपया जा रहा है तो उन लोगों को बौखलाहट हो रही है। इतना ही, नहीं योगी ने कहा है कि ऐसे लोग अभद्र आचरण कर रहे हैं, जनता उन्हें जवाब देगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को मीडिया से यह बात कही। उन्होंने कहा कि पहले चरण में 27 से 29 मार्च के बीच हमने 6.5 लाख से ज्यादा श्रमिकों को वापस प्रदेश लाए हैं और उनके उपचार और भोजन की व्यवस्था की। वहीं, दूसरे दसरे चरण में (पिछले 3 दिनों में) 50 हजार से अधिक प्रवासी श्रमिकों को वापस लाया गया है। इस सभी लोगों की मेडिकल जांच की गई। सरकार ने इनके खाने और रहने की व्यवस्था की। सरकार अपने सभी नागरिकों के साथ खड़ी है।  सीएम ने कहा कि पहली बार आपदा के समय एक बड़ा राहत पैकेज प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत घोषित हुआ। जो लोग अपने शासन काल में गरीबों, महिलाओं का कल्याणकारी योजनाओं का पैसा हड़प जाते थे, आज जब यह पैसा उन गरीबों के खाते में पहुंच रहा है तो उनकी बौखलाहट स्पष्ट दिखाई देती है। असल में घोटाला करने वाले परेशान हैं। सीएम ने कहा कि राज्य में 14 लाख मनरेगा मजदूरों को काम दिया गया है। इसके अलावा वापस लौटे 6.5 लाख प्रवासी मजदूरों का भी ख्याल रखा जा रहा है। 2.34 करोड़ किसानों के खाते में 2-2 हजार रुपए आ चुके हैं। 3.26 करोड़ महिलाओं के जन-धन अकाउंट में 1630 करोड़ रुपए की पहली किश्त अप्रैल और 1630 करोड़ की धनराशि मई महीने में आ चुकी है। सीएम योगी ने कहा कि 1.47 करोड़ परिवारों को निशुल्क रसोई गैस के सिलेंडर उपलब्ध करवाए गए हैं। 18 करोड़ गरीबों को 2 बार राशन बांटा जा चुका है और तीसरी बार बंटने जा रहा है। 30 लाख से अधिक दिहाड़ी मजदूर और गरीब लोगों को सरकार 1000 रुपए का भरण-पोषण भत्ता और मुफ्त खाद्यान्न दे रही है।