उन्नाव रेप मामला: आरोपी भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर करेंगे आत्मसमर्पण

BJP MLA, Kuldeep Singh Sengar
उन्नाव रेप केस में आरोपी भाजपा विधायक को सीबीआई ने किया गिरफ्तार

लखनऊ । तीन दिनों से देशभर में सुर्खियां बटोर रहे बलात्कार के आरोपी भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर आत्मसमर्पण करने का दबाव बढ़ गया है। बताया जा रहा है कि डीजीपी द्वारा गठित एसआईटी टीम ने अपनी प्राथमिक रिपोर्ट बुधवार को देर शाम मुख्यमंत्री के समक्ष पेश कर दी है। जिसके बाद पार्टी की ओर से विधायक को आत्मसमर्पण करने के लिए कहा गया है। उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले की बांगरमऊ सीट से विधायक कुलदीप सेंगर बुधवार की रात ही एसएसपी लखनऊ के कार्यालय पर पहुंच कर आत्मसमर्पण कर सकते हैं।

Unnao Rape Case Accused Mla Kuldeep Singh Sengar Suppose To Surrender Anytime At Lucknow :

विधायक कुलदीप सेंगर के भाई अतुल सिंह सेंगर को इसी मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है। कुलदीप सेंगर और उनके छोटे भाई पर गांव की ही नाबालिग युवती ने जून 2017 में बलात्कार के आरोप लगाए थे। जिसके बाद से यह मामला कई बार गरमाया लेकिन सत्तारूढ़ पार्टी के विधायक की हनक के चलते स्थानीय प्रशासन ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। पीड़ित परिवार ने इस सिलसिले में सीएम से भी मदद की गुहार लगाई थी, लेकिन इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई।

रविवार को पीड़िता ने सपरिवार मुख्यमंत्री आवास के बाहर आत्मदाह का प्रयास किया था। जिसके बाद यह मामले ने मीडिया में सुर्खियां बटोरीं। इस मामले में पुलिस ने आत्मदाह का प्रयास करने वाले पूरे परिवार को हिरासत में ले​ लिया था, लेकिन पीड़िता के पिता की पुलिस अभिरक्षा में हुई मौत ने इस मामले को और भी गंभीर बना दिया।

सोमवार को पीड़िता के पिता की मौत के बाद डीजीपी ओपी सिंह ने एडीजी जोन राजीव कृष्णा के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया। वहीं दूसरी ओर पुलिस महकमे ने इस मामले में ढ़िलाई बरतने के आरोप में चार पुलिसकर्मियों को निलंबित करते हुए, हत्या और बलात्कार के मामले में विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के भाई को उसके चार गुर्गों के साथ हिरासत में ले लिया।

मंगलवार को मुख्यमंत्री ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए 24 घंटों के भीतर एसआईटी से अपनी प्राथमिक जांच पेश करने के लिए कहा था।

भाजपा के खिलाफ सियासत तेज —

नौ महीने पुराने गैंगरेप के इस मामले में भाजपा विधायक के खिलाफ कार्रवाई न होने और पीड़ित परिवार के उत्पीड़न को लेकर विपक्षी दलों में राजनीति तेज हो चली। बुधवार को उन्नाव की पूर्व सांसद अन्नू टंडन ने गांव का दौरा कर जांच अधिकारियों से मिलकर जांच के विषय में जानकारी प्राप्त की। वहीं समाजवादी पार्टी ने इस मामले में एक फैक्ट फाइंडिंग टीम का गठन किया हैं।

खबरें ऐसी भी आ रहीं है कि देश भर में सुर्खियां बटोर रहे इस मामले को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी भी पीड़िता से मुलाकात कर सकते हैं।

उन्नाव एसपी पर भी गिर सकती है गाज—

मिली जानकारी के मुताबिक एसआईटी की प्राथमिक रिपोर्ट में उन्नाव पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। ऐसी खबरें भी आ रहीं है कि एसपी उन्नाव पुष्पांजलि पर आने वाले 24 घंटे में कार्रवाई हो सकती है।

भाजपा से निकाले जा सकते हैं विधायक —

राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा के लिए किरकिरी का कारण बन रहे बांगरमऊ विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के खिलाफ भाजपा बड़ी कार्रवाई कर सकती हैं। बुधवार को लखनऊ में मौजूद रहे पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने भी इस मामले को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए हैं। जिसके बाद कुलदीप सिंह सेंगर को पार्टी बर्खास्त कर सकती है।

लखनऊ । तीन दिनों से देशभर में सुर्खियां बटोर रहे बलात्कार के आरोपी भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर आत्मसमर्पण करने का दबाव बढ़ गया है। बताया जा रहा है कि डीजीपी द्वारा गठित एसआईटी टीम ने अपनी प्राथमिक रिपोर्ट बुधवार को देर शाम मुख्यमंत्री के समक्ष पेश कर दी है। जिसके बाद पार्टी की ओर से विधायक को आत्मसमर्पण करने के लिए कहा गया है। उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले की बांगरमऊ सीट से विधायक कुलदीप सेंगर बुधवार की रात ही एसएसपी लखनऊ के कार्यालय पर पहुंच कर आत्मसमर्पण कर सकते हैं।विधायक कुलदीप सेंगर के भाई अतुल सिंह सेंगर को इसी मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है। कुलदीप सेंगर और उनके छोटे भाई पर गांव की ही नाबालिग युवती ने जून 2017 में बलात्कार के आरोप लगाए थे। जिसके बाद से यह मामला कई बार गरमाया लेकिन सत्तारूढ़ पार्टी के विधायक की हनक के चलते स्थानीय प्रशासन ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। पीड़ित परिवार ने इस सिलसिले में सीएम से भी मदद की गुहार लगाई थी, लेकिन इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई।रविवार को पीड़िता ने सपरिवार मुख्यमंत्री आवास के बाहर आत्मदाह का प्रयास किया था। जिसके बाद यह मामले ने मीडिया में सुर्खियां बटोरीं। इस मामले में पुलिस ने आत्मदाह का प्रयास करने वाले पूरे परिवार को हिरासत में ले​ लिया था, लेकिन पीड़िता के पिता की पुलिस अभिरक्षा में हुई मौत ने इस मामले को और भी गंभीर बना दिया।सोमवार को पीड़िता के पिता की मौत के बाद डीजीपी ओपी सिंह ने एडीजी जोन राजीव कृष्णा के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया गया। वहीं दूसरी ओर पुलिस महकमे ने इस मामले में ढ़िलाई बरतने के आरोप में चार पुलिसकर्मियों को निलंबित करते हुए, हत्या और बलात्कार के मामले में विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के भाई को उसके चार गुर्गों के साथ हिरासत में ले लिया।मंगलवार को मुख्यमंत्री ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए 24 घंटों के भीतर एसआईटी से अपनी प्राथमिक जांच पेश करने के लिए कहा था।

भाजपा के खिलाफ सियासत तेज —

नौ महीने पुराने गैंगरेप के इस मामले में भाजपा विधायक के खिलाफ कार्रवाई न होने और पीड़ित परिवार के उत्पीड़न को लेकर विपक्षी दलों में राजनीति तेज हो चली। बुधवार को उन्नाव की पूर्व सांसद अन्नू टंडन ने गांव का दौरा कर जांच अधिकारियों से मिलकर जांच के विषय में जानकारी प्राप्त की। वहीं समाजवादी पार्टी ने इस मामले में एक फैक्ट फाइंडिंग टीम का गठन किया हैं।खबरें ऐसी भी आ रहीं है कि देश भर में सुर्खियां बटोर रहे इस मामले को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी भी पीड़िता से मुलाकात कर सकते हैं।

उन्नाव एसपी पर भी गिर सकती है गाज—

मिली जानकारी के मुताबिक एसआईटी की प्राथमिक रिपोर्ट में उन्नाव पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। ऐसी खबरें भी आ रहीं है कि एसपी उन्नाव पुष्पांजलि पर आने वाले 24 घंटे में कार्रवाई हो सकती है।

भाजपा से निकाले जा सकते हैं विधायक —

राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा के लिए किरकिरी का कारण बन रहे बांगरमऊ विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के खिलाफ भाजपा बड़ी कार्रवाई कर सकती हैं। बुधवार को लखनऊ में मौजूद रहे पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने भी इस मामले को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए हैं। जिसके बाद कुलदीप सिंह सेंगर को पार्टी बर्खास्त कर सकती है।