विधान परिषद सुंदरीकरण : टेक्निकल ऑडिट कमिटी करेगी कुर्सी घोटाले की जांच !

vidhan paishad
विधान परिषद सुंदरीकरण : टेक्निकल ऑडिट कमिटी करेगी कुर्सी घोटाले की जांच !

लखनऊ। विधान परिषद के सुंदरीकरण के दौरान हुए कुर्सी घोटाले की अब जांच होगी। सूत्रों के मुताबिक, जल्द ही टेक्निकल ऑडिट कमिटी इस घोटाले की जांच शुरू करे देगी। ​बताया जा रहा है कि विधान परिषद का सत्र खत्म होते ही कमिटी पूरे मामले की जांच पड़ताल शुरू कर देगी। यह कमिटी एमएलसी यज्ञदत्त शर्मा के अधीन काम करेगी।
गौरतलब है कि, पिछले साल से शुरू हुआ विधान परिषद के सुंदरीकरण का काम इस साल फरवरी तक चला।

Vidhan Parishads Sundarikaran The Technical Audit Committee Will Examine The Chair Scandal :

सुंदरीकरण के दौरान विधान परिषद में बैठने के लिए बेंचों की जगह कुर्सियां लगाई जानीं थीं। इसके साथ ही साउंड सिस्टम, लाइट, पंखे समेत अन्य बदले जाने थे। इसके साथ ही विधान परिषद का इंटीरियर बेहतर करना था। वहीं सुंदरीकरण के नाम पर जिम्मेदारों ने कुर्सियों में खेल कर दिया। कुर्सियां तय ब्रैंड की जगह लोकल कंपनियों की लगा दी गईं। जब यह मामला सामने आया तो ठेकेदार और अधिकारियों की लापरवाही सामने आई है। लोकल ब्रैंड की कुर्सियों को तयशुदा ब्रैंड की पैकिंग में लाया गया था।

जब कुर्सियां लगाई जाने लगीं तो पता चला कि उन पर न तो तयशुदा ब्रैंड का लोगो था और न ही सील। यह देखकर विधान परिषद के सुंदरीकरण का काम देख रही विधायकों की समिति ने आपत्ति जताई। इसके बाद आनन—फानन में रातों रात दूसरी कुर्सियां मंगवा कर लगवाई गयीं थीं। इसके साथ ही हाल में विधान परिषद में हुए सुंदरीकरण के सभी कामों की जांच होगी। यह सुंदरीकरण समिति की बैठक में तय हुआ। इसके साथ ही तकनीकी पर जांच करने के लिए विशेषज्ञों की टीम बनाई जाएगी।

इस जांच समिति की अध्यक्षता भाजपा एमएलसी यज्ञदत्त शर्मा करेंगे। वे ही हर काम से जुड़े विशेषज्ञों से जांच करवाएंगे और उनकी रिपोर्ट के आधार पर ही यह सुनिश्चित किया जाएगा कि काम गुणवत्तापूर्ण हैं या नहीं। अगर काम में कुछ कमी मिलती है तो उन्हें दुरुस्त करवाने के साथ दोषियों को दंडित किया जाएगा।

लखनऊ। विधान परिषद के सुंदरीकरण के दौरान हुए कुर्सी घोटाले की अब जांच होगी। सूत्रों के मुताबिक, जल्द ही टेक्निकल ऑडिट कमिटी इस घोटाले की जांच शुरू करे देगी। ​बताया जा रहा है कि विधान परिषद का सत्र खत्म होते ही कमिटी पूरे मामले की जांच पड़ताल शुरू कर देगी। यह कमिटी एमएलसी यज्ञदत्त शर्मा के अधीन काम करेगी। गौरतलब है कि, पिछले साल से शुरू हुआ विधान परिषद के सुंदरीकरण का काम इस साल फरवरी तक चला। सुंदरीकरण के दौरान विधान परिषद में बैठने के लिए बेंचों की जगह कुर्सियां लगाई जानीं थीं। इसके साथ ही साउंड सिस्टम, लाइट, पंखे समेत अन्य बदले जाने थे। इसके साथ ही विधान परिषद का इंटीरियर बेहतर करना था। वहीं सुंदरीकरण के नाम पर जिम्मेदारों ने कुर्सियों में खेल कर दिया। कुर्सियां तय ब्रैंड की जगह लोकल कंपनियों की लगा दी गईं। जब यह मामला सामने आया तो ठेकेदार और अधिकारियों की लापरवाही सामने आई है। लोकल ब्रैंड की कुर्सियों को तयशुदा ब्रैंड की पैकिंग में लाया गया था। जब कुर्सियां लगाई जाने लगीं तो पता चला कि उन पर न तो तयशुदा ब्रैंड का लोगो था और न ही सील। यह देखकर विधान परिषद के सुंदरीकरण का काम देख रही विधायकों की समिति ने आपत्ति जताई। इसके बाद आनन—फानन में रातों रात दूसरी कुर्सियां मंगवा कर लगवाई गयीं थीं। इसके साथ ही हाल में विधान परिषद में हुए सुंदरीकरण के सभी कामों की जांच होगी। यह सुंदरीकरण समिति की बैठक में तय हुआ। इसके साथ ही तकनीकी पर जांच करने के लिए विशेषज्ञों की टीम बनाई जाएगी। इस जांच समिति की अध्यक्षता भाजपा एमएलसी यज्ञदत्त शर्मा करेंगे। वे ही हर काम से जुड़े विशेषज्ञों से जांच करवाएंगे और उनकी रिपोर्ट के आधार पर ही यह सुनिश्चित किया जाएगा कि काम गुणवत्तापूर्ण हैं या नहीं। अगर काम में कुछ कमी मिलती है तो उन्हें दुरुस्त करवाने के साथ दोषियों को दंडित किया जाएगा।