पाकिस्तानी एफ-16 को मार गिराने वाले अभिनंदन काम पर लौटे, यहां हुई पोस्टिंग

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पाकिस्तानी एफ-16 को मार गिराने वाले अभिनंदन काम पर लौटे, यहां हुई पोस्टिंग

नई दिल्ली। पाकस्तानी लड़ाकू विमान F-16 को मार गिराने वाले विंग कमांडर अभिनंदन ढाई महीने बाद काम पर लौट आए हैं। यही नहीं, अभिनंदन ने शनिवार को अपनी जिम्मेदारी भी संभाल ली। बता दें कि 27 फरवरी को अभिनंदन वर्तमान पाकिस्तान में फंस गए थे, जिसके बाद वह तकरीबन 60 घंटों तक वहां की सेना के कब्जे में थे।

Wing Commander Abhinandan Back On Duty At Rajasthan :

वायु सेना अधिकारी अभिनंदन की राजस्थान में ये पहली पोस्टिंग नहीं है। इससे पहले भी बीकानेर में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। अभिनंदन ने कुछ समय तक राजस्थान में ही अपनी पढ़ाई भी की है। दरअसल अभिनंदन के पिता भी भारतीय वायु सेना में अधिकारी रहे हैं और अपने कार्यकाल के दौरान वो राजस्थान में भी तैनात रहे हैं।

वायु सेना ने हालांकि गोपनीयता का हवाला देते हुए अभिनंदन के मौजूदा पोस्टिंग की कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी है। केवल इतना बताया गया है कि उन्हें राजस्थान में तैनात किया गया है। वायु सेना के प्रोटोकॉल के मुताबिक जब भी किसी पायलट का हेलीकॉप्टर या विमान हादसे का शिकार हो जाता है तो उस पायलट को उड़ान भरने से रोक दिया जाता है और उसे केवल ज़मीनी सेवाओं के लिए रखा जाता है। हालांकि अभिनंदन के मामले में अगल तरीके से देखा जा सकता है।

फरवरी 27 को विंग कमांडर अभिनंदन ने पाकिस्तान के एफ-16 लड़ाकू विमान को मार गिराया था जिसके बाद उनके मिग-21 जेट को पाकिस्तान ने मार गिराया। मार्च 1 को पाकिस्तान ने उन्हें भारत को सौंप दिया था जिसके बाद से उन्हें छुट्टी पर भेज दिया गया था। पाकिस्तान की कैद में रहने के दौरान उन्हें काफी चोटें भी आई थीं जिसका इलाज आर्मी के अस्पताल में किया गया था।

नई दिल्ली। पाकस्तानी लड़ाकू विमान F-16 को मार गिराने वाले विंग कमांडर अभिनंदन ढाई महीने बाद काम पर लौट आए हैं। यही नहीं, अभिनंदन ने शनिवार को अपनी जिम्मेदारी भी संभाल ली। बता दें कि 27 फरवरी को अभिनंदन वर्तमान पाकिस्तान में फंस गए थे, जिसके बाद वह तकरीबन 60 घंटों तक वहां की सेना के कब्जे में थे। वायु सेना अधिकारी अभिनंदन की राजस्थान में ये पहली पोस्टिंग नहीं है। इससे पहले भी बीकानेर में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। अभिनंदन ने कुछ समय तक राजस्थान में ही अपनी पढ़ाई भी की है। दरअसल अभिनंदन के पिता भी भारतीय वायु सेना में अधिकारी रहे हैं और अपने कार्यकाल के दौरान वो राजस्थान में भी तैनात रहे हैं। वायु सेना ने हालांकि गोपनीयता का हवाला देते हुए अभिनंदन के मौजूदा पोस्टिंग की कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी है। केवल इतना बताया गया है कि उन्हें राजस्थान में तैनात किया गया है। वायु सेना के प्रोटोकॉल के मुताबिक जब भी किसी पायलट का हेलीकॉप्टर या विमान हादसे का शिकार हो जाता है तो उस पायलट को उड़ान भरने से रोक दिया जाता है और उसे केवल ज़मीनी सेवाओं के लिए रखा जाता है। हालांकि अभिनंदन के मामले में अगल तरीके से देखा जा सकता है। फरवरी 27 को विंग कमांडर अभिनंदन ने पाकिस्तान के एफ-16 लड़ाकू विमान को मार गिराया था जिसके बाद उनके मिग-21 जेट को पाकिस्तान ने मार गिराया। मार्च 1 को पाकिस्तान ने उन्हें भारत को सौंप दिया था जिसके बाद से उन्हें छुट्टी पर भेज दिया गया था। पाकिस्तान की कैद में रहने के दौरान उन्हें काफी चोटें भी आई थीं जिसका इलाज आर्मी के अस्पताल में किया गया था।