आखिर अभिनंदन को रिहा करने के लिए क्यों मजबूर हुआ PAK, हुआ खुलासा

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आखिर अभिनंदन को रिहा करने के लिए क्यों मजबूर हुआ PAK, हुआ खुलासा

नई दिल्ली। विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान को 27 फरवरी को मिग 21 बाइसन लड़ाकू विमान से कूदने के बाद सीमा पार पकड़ लिए जाने के कुछ ही घंटों के भीतर अमेरिका ने हाई-लेवल मिलिटरी चैनल्स के जरिए पाकिस्तान सेना पर दबाव बना दिया था कि भारतीय पायलट को छोड़ दिया जाए।

Wing Commander Abhinandan Release Us Played Key Role :

सूत्रों के मुताबिक विंग कमांडर अभिनंदन की रिहाई में अमेरिका ने एक अहम रोल अदा किया था। अमेरिकी जनरल जोसेफ वोटेल लगातार पाकिस्‍तान के संपर्क में थे और उन्‍होंने ही पाक को दो टूक कहा था कि इंडियन एयरफोर्स के पायलट की सुरक्षित वापसी जल्‍द से जल्द हो।

अमेरिका की पाकिस्तान को दो-टूक

विश्वस्त सूत्रों से यह जानकारी हासिल की है कि अमेरिका के Centcom कमांडर जनरल जोसेफ वोटेल ने पाकिस्तान के आर्मी चीफ जनरल कमर जावेद बाजवा से बात की थी और कहा था कि विंग कमांडर अभिनंदन को जल्द से जल्द छोड़ दिया जाए।

अमेरिका से पाकिस्तानी आर्मी चीफ को बातचीत करनी होती है तो Centcom कमांडर ही इसका मुख्य जरिया होते हैं। Centcom को ही अफगानिस्तान और पाकिस्तान में अभियानों को अंजाम देने की जिम्मेदारी दी गई है। अभी वह तालिबान से बातचीत करने में कूटनीतिक मदद देने में जुटा है।

किसी कोई डील के लिए न हो अभिनंदन का प्रयोग

अमेरिका ने पाक को यह साफ कर दिया था कि विंग कमांडर अभिनंदन को किसी भी सूरत में सौदेबाजी के लिए प्रयोग नहीं किया जाएगा। भारत की ओर से भी पाक को साफ संदेश दे दिया गया था कि अभिनंदन की रिहाई के लिए किसी तरह की कोई डील नहीं होगी।

इसके अलावा भारत ने अपनी सेनाओं को भी आगे बढ़ा दिया था। साथ ही अमेरिका को साफ कर दिया था कि विंग कमांडर अभिनंदन के साथ सम्‍मानित व्‍यवहार होना चाहिए। इस बीच पाक पीएम इमरान खान ने अभिनंदन को देश भेजने का ऐलान करके अमेरिका की बात मानने का इशारा कर दिया था।

अजीत डोभाल भी थे ऐक्टिव

सूत्रों ने बताया कि अमेरिकी पक्ष की ओर कम्युनिकेशन का सिरा मुख्य तौर पर जनरल वोटेल और नैशनल सिक्यॉरिटी एडवाइजर जॉन बोल्टन के बीच था, जो अपने भारतीय समकक्ष अजीत डोभाल से लगातार संपर्क में थे। हालांकि बोल्टन ने पाकिस्तान आर्मी को साधने का जिम्मा जनरल वोटेल को दे दिया। अमेरिकी संदेश को ब्रिटेन के कदम ने भी मजबूती दी, जिसका पाकिस्तान आर्मी पर ‘गहरा असर’ है।

नई दिल्ली। विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान को 27 फरवरी को मिग 21 बाइसन लड़ाकू विमान से कूदने के बाद सीमा पार पकड़ लिए जाने के कुछ ही घंटों के भीतर अमेरिका ने हाई-लेवल मिलिटरी चैनल्स के जरिए पाकिस्तान सेना पर दबाव बना दिया था कि भारतीय पायलट को छोड़ दिया जाए।

सूत्रों के मुताबिक विंग कमांडर अभिनंदन की रिहाई में अमेरिका ने एक अहम रोल अदा किया था। अमेरिकी जनरल जोसेफ वोटेल लगातार पाकिस्‍तान के संपर्क में थे और उन्‍होंने ही पाक को दो टूक कहा था कि इंडियन एयरफोर्स के पायलट की सुरक्षित वापसी जल्‍द से जल्द हो।

अमेरिका की पाकिस्तान को दो-टूक

विश्वस्त सूत्रों से यह जानकारी हासिल की है कि अमेरिका के Centcom कमांडर जनरल जोसेफ वोटेल ने पाकिस्तान के आर्मी चीफ जनरल कमर जावेद बाजवा से बात की थी और कहा था कि विंग कमांडर अभिनंदन को जल्द से जल्द छोड़ दिया जाए।

अमेरिका से पाकिस्तानी आर्मी चीफ को बातचीत करनी होती है तो Centcom कमांडर ही इसका मुख्य जरिया होते हैं। Centcom को ही अफगानिस्तान और पाकिस्तान में अभियानों को अंजाम देने की जिम्मेदारी दी गई है। अभी वह तालिबान से बातचीत करने में कूटनीतिक मदद देने में जुटा है।

किसी कोई डील के लिए न हो अभिनंदन का प्रयोग

अमेरिका ने पाक को यह साफ कर दिया था कि विंग कमांडर अभिनंदन को किसी भी सूरत में सौदेबाजी के लिए प्रयोग नहीं किया जाएगा। भारत की ओर से भी पाक को साफ संदेश दे दिया गया था कि अभिनंदन की रिहाई के लिए किसी तरह की कोई डील नहीं होगी।

इसके अलावा भारत ने अपनी सेनाओं को भी आगे बढ़ा दिया था। साथ ही अमेरिका को साफ कर दिया था कि विंग कमांडर अभिनंदन के साथ सम्‍मानित व्‍यवहार होना चाहिए। इस बीच पाक पीएम इमरान खान ने अभिनंदन को देश भेजने का ऐलान करके अमेरिका की बात मानने का इशारा कर दिया था।

अजीत डोभाल भी थे ऐक्टिव

सूत्रों ने बताया कि अमेरिकी पक्ष की ओर कम्युनिकेशन का सिरा मुख्य तौर पर जनरल वोटेल और नैशनल सिक्यॉरिटी एडवाइजर जॉन बोल्टन के बीच था, जो अपने भारतीय समकक्ष अजीत डोभाल से लगातार संपर्क में थे। हालांकि बोल्टन ने पाकिस्तान आर्मी को साधने का जिम्मा जनरल वोटेल को दे दिया। अमेरिकी संदेश को ब्रिटेन के कदम ने भी मजबूती दी, जिसका पाकिस्तान आर्मी पर 'गहरा असर' है।