World Photography Day 2019: ऐसे हुई वर्ल्ड फोटोग्राफी डे की शुरुआत

World-Photography-Day
World Photography Day 2019: ऐसे हुई वर्ल्ड फोटोग्राफी डे की शुरुआत

नई दिल्ली। स्वतंत्र दिवस के बाद अब वर्ल्ड फोटोग्राफी डे जो कि 19 अगस्त को हर साल मनाया जाता है। दुनिया भर के फोटोग्राफर इस दिन को सेलिब्रेट करते हैं। वर्ल्ड फोटोग्राफी डे उन सभी फोटोग्राफर्स को समर्पित है जिन्होंने अपनी कला से दुनिया की खूबसूरती को कैमरे में कैद किया है। आज के समय में फोटोग्राफी के जरिए हम आसानी से अपनी जिंदगी के खूबसूरत पलों को कैमरे में कैद कर लेते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि फोटोग्राफी की शुरुआत किसने की थी? और आखिर क्यों 19 अगस्त को वर्ल्ड फोटोग्राफी डे मनाया जाता है? अगर नहीं तो आइए हम आपको बताते हैं।

World Photography Day 2019 By This Way World Photography Day Started :

दरअसल, आज से 180 साल पहले 9 जनवरी, 1839 को फोटोग्राफी की शुरुआत हुई थी। 9 जनवरी, 1839 को जोसेफ नाइसफोर और लुइस डॉगेर नाम के 2 वैज्ञानिकों ने डॉगोरोटाइप प्रक्रिया का आविष्कार किया था। डॉगोरोटाइप टेक्निक फोटोग्राफी की पहली प्रक्रिया था। इस आविष्कार की घोषणा 19 अगस्त 1839 को फ्रांस की सरकार ने की थी। इसी की याद में दुनिया भर में 19 अगस्त को World Photography Day मनाया जाता है। आपको बता दें कि वर्ल्ड फोटोग्राफी की लोकप्रियता साल 2010 से बढ़ना शुरू हुई थी।

वहीं, हम लम्हों को तो कैद नहीं कर सकते लेकिन ख्वाहिश होती है कि काश ये किसी किताब के पन्ने की तरह होते, जिन्हें जब चाहा उलट-पलट कर देख लेते। इंसान की इन्हीं इच्छाओं को मूर्त रूप देने के लिए फोटोग्राफी की तकनीक एक वरदान के रूप में सामने आई। इंसान के पास जब इतने हाईटेक कैमरे नहीं थे, तब भी वह तस्वीरें बनाता था। प्राचीन गुफाओं में उसके बनाए भित्ति चित्र इस बात के गवाह हैं। इनके जरिये वह आने वाली पीढ़ियों के लिए कितनी बेश्कीमती सौगात छोड़ गए हैं। बाद में जब कैमरे का आविष्कार हुआ, तो फोटोग्राफी भी इंसान के लिए अपनी रचनात्मकता को प्रदर्शित करने का जरिया बन गया।

नई दिल्ली। स्वतंत्र दिवस के बाद अब वर्ल्ड फोटोग्राफी डे जो कि 19 अगस्त को हर साल मनाया जाता है। दुनिया भर के फोटोग्राफर इस दिन को सेलिब्रेट करते हैं। वर्ल्ड फोटोग्राफी डे उन सभी फोटोग्राफर्स को समर्पित है जिन्होंने अपनी कला से दुनिया की खूबसूरती को कैमरे में कैद किया है। आज के समय में फोटोग्राफी के जरिए हम आसानी से अपनी जिंदगी के खूबसूरत पलों को कैमरे में कैद कर लेते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि फोटोग्राफी की शुरुआत किसने की थी? और आखिर क्यों 19 अगस्त को वर्ल्ड फोटोग्राफी डे मनाया जाता है? अगर नहीं तो आइए हम आपको बताते हैं। दरअसल, आज से 180 साल पहले 9 जनवरी, 1839 को फोटोग्राफी की शुरुआत हुई थी। 9 जनवरी, 1839 को जोसेफ नाइसफोर और लुइस डॉगेर नाम के 2 वैज्ञानिकों ने डॉगोरोटाइप प्रक्रिया का आविष्कार किया था। डॉगोरोटाइप टेक्निक फोटोग्राफी की पहली प्रक्रिया था। इस आविष्कार की घोषणा 19 अगस्त 1839 को फ्रांस की सरकार ने की थी। इसी की याद में दुनिया भर में 19 अगस्त को World Photography Day मनाया जाता है। आपको बता दें कि वर्ल्ड फोटोग्राफी की लोकप्रियता साल 2010 से बढ़ना शुरू हुई थी। वहीं, हम लम्हों को तो कैद नहीं कर सकते लेकिन ख्वाहिश होती है कि काश ये किसी किताब के पन्ने की तरह होते, जिन्हें जब चाहा उलट-पलट कर देख लेते। इंसान की इन्हीं इच्छाओं को मूर्त रूप देने के लिए फोटोग्राफी की तकनीक एक वरदान के रूप में सामने आई। इंसान के पास जब इतने हाईटेक कैमरे नहीं थे, तब भी वह तस्वीरें बनाता था। प्राचीन गुफाओं में उसके बनाए भित्ति चित्र इस बात के गवाह हैं। इनके जरिये वह आने वाली पीढ़ियों के लिए कितनी बेश्कीमती सौगात छोड़ गए हैं। बाद में जब कैमरे का आविष्कार हुआ, तो फोटोग्राफी भी इंसान के लिए अपनी रचनात्मकता को प्रदर्शित करने का जरिया बन गया।