नई दिल्ली। देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु इन दिनों हिमाचल प्रदेश के दौरे पर हैं। अपने दौरे के दौरान उन्होंने अटल टनल, रोहतांग का दौरा किया। साथ ही देश की इस अहम रणनीतिक एवं इंजीनियरिंग परियोजना की जानकारी ली। इस दौरान ऊंचाई वाले पहाड़ी इलाकों में मौसम ने अपना रूख बदला और कई जगहों पर बर्फबारी भी देखने को मिली। यहां राष्ट्रपति मुर्मु लॉन्ग वूलन कोट में नजर आईं। उनकी तस्वीरें भी बर्फ से ढके पहाड़ों और ठंडे मौसम के बीच सामने आई हैं। वहां अधिकारियों ने राष्ट्रपति को टनल की संरचना, निर्माण तकनीक और इसके रणनीतिक महत्व के बारे में जानकारी दी।
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देश की महत्वपूर्ण परियोजनाओं में शामिल है अटल टनल
मनाली और लाहौल-स्पीति को जोड़ने वाली अटल टनल को भारत की अहम रणनीतिक परियोजनाओं में गिना जाता है। आपको बता दें कि करीब 9.02 किलोमीटर लंबी यह सुरंग रोहतांग दर्रे के नीचे बनाई गई है। इसके निर्माण से मनाली और लाहौल-स्पीति के बीच सालभर संपर्क बनाए रखने में बड़ी मदद मिली है। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर अटल टनल का नाम रखा गया है। इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 3 अक्टूबर 2020 को किया था।
बर्फबारी के बीच राष्ट्रपति का दौरा
राष्ट्रपति के दौरे के समय हिमालयी क्षेत्र में मौसम काफी ठंडा रहा और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी भी हुई। राष्ट्रपति मुर्मु ने बर्फ से ढके पहाड़ों के बीच अटल टनल और आसपास की व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
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अटल टनल न केवल पर्यटन और स्थानीय लोगों के लिए महत्वपूर्ण होने के साथ लद्दाख और सीमावर्ती क्षेत्रों तक सैन्य एवं लॉजिस्टिक कनेक्टिविटी के लिहाज से भी इसका रणनीतिक महत्व भी है। इस टनल के कारण रोहतांग दर्रे पर भारी बर्फबारी के दौरान होने वाली आवाजाही की रूकावट भी काफी हद तक कम हुई है।
बता दें कि राष्ट्रपति का यह दौरा देश की महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजनाओं और हिमालयी क्षेत्रों में कनेक्टिविटी के महत्व को भी बताता है।