पटना। बिहार विधानसभा चुनाव से पहले सियासी सरगर्मी बढ़ती जा रही है। मतदाता गहन पुनरीक्षण अभियान को लेकर विपक्षी दल के नेताओं की तरफ से लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं। अब 35 नेताओं ने इसको लेकर चुनाव आयोग को पत्र लिखा है, जिसमें कई सवाल उठाए गए हैं। इसको लेकर राजद नेता और पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि, लाखों मतदाताओं को, बिना किसी गलती के, अधिकारहीन और अपमानित किया जा रहा है।
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तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग से की गए शिकायत के पत्र को सोशल मीडिया एक्स पर शेयर किया है। इसके साथ ही लिखा, बिहार में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण का तमाशा और त्रासदी बड़े पैमाने पर मताधिकार से वंचित करके लोकतंत्र की नींव हिला रही है। यह इस बात का स्पष्ट संकेत है कि कैसे भारतीय चुनाव आयोग जैसी ‘स्वतंत्र संस्था’ हमारी चुनावी प्रक्रिया की अखंडता में जनता के विश्वास को खत्म करने पर अड़ी हुई है।
बिहार में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण का तमाशा और त्रासदी बड़े पैमाने पर मताधिकार से वंचित करके लोकतंत्र की नींव हिला रही है। यह इस बात का स्पष्ट संकेत है कि कैसे भारतीय चुनाव आयोग जैसी 'स्वतंत्र संस्था' हमारी चुनावी प्रक्रिया की अखंडता में जनता के विश्वास को खत्म करने पर अड़ी हुई… pic.twitter.com/v8PJhXUrbI
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) July 20, 2025
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उन्होंने आगे लिखा, लाखों मतदाताओं को, बिना किसी गलती के, अधिकारहीन और अपमानित किया जा रहा है। चुनाव आयोग द्वारा बिहार में चलाए जा रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के विरोध में विपक्ष के 35 नेताओं को पत्र लिखा है।