Ghaziabad: नगीना लोकसभा सीट से सांसद और आजाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद की मुश्किलें बढ़ गई हैं। करीब आठ साल पुराने एक मारपीट मामले में गाजियाबाद की विशेष MP-MLA कोर्ट ने उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है। अदालत ने उनकी संपत्ति कुर्क करने के आदेश भी दिए हैं।
पढ़ें :- अखिलेश यादव और अब्बास अंसारी की मुलाकात से यूपी की सियासत गरम, राज्यसभा चुनाव से पहले बढ़ी हलचल
शादी समारोह में थप्पड़ मारने का आरोप
यह मामला गाजियाबाद के साहिबाबाद थाना क्षेत्र का है। आरोप है कि करीब आठ साल पहले एक शादी समारोह के दौरान चंद्रशेखर आजाद ने एक युवक को थप्पड़ मारा था। घटना के बाद पुलिस ने IPC की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया था। यह मामला लंबे समय से MP-MLA अदालत में विचाराधीन है।
लगातार पेशी से गैरहाजिरी पर कार्रवाई
अदालत में सुनवाई के लिए चंद्रशेखर आजाद को कई बार समन भेजे गए, लेकिन वह पेश नहीं हुए। गुरुवार को भी निर्धारित सुनवाई के दौरान उनकी गैरहाजिरी रही। इसके बाद अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए गैर-जमानती वारंट जारी किया और संपत्ति कुर्क करने का आदेश दिया।
2027 चुनाव को लेकर सक्रिय हैं आजाद
कानूनी मामले के बीच चंद्रशेखर आजाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में लगातार सक्रिय हैं। वह 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर अलग-अलग जिलों में कार्यक्रम कर रहे हैं। हाल ही में उन्होंने संभल के चंदौसी स्थित मौलागढ़ मैदान में बूथ कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित किया था और चंदौसी विधानसभा सीट से अपनी पार्टी के प्रत्याशी के समर्थन में अपील की थी।
अब नजर इस बात पर है कि चंद्रशेखर आजाद अदालत के आदेश के बाद गाजियाबाद की कोर्ट में पेश होते हैं या राहत के लिए ऊपरी अदालत का रुख करते हैं।