बलिया। यूपी (UP) के बलिया जनपद (Ballia District) में बीते 25 जनवरी को मनियर में हुए मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना (Chief Minister Samuhik Vivah Scheme) में बड़ी धांधली का खुलासा हुआ है। सामूहिक विवाह (Samuhik Vivah) में अपात्रों की जांच के लिए सीडीओ ने 20 सदस्यीय जांच टीम गठित कर दी है। इस मामले में बलिया के जिलाधिकारी कहा कि जांच के बाद दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। दरअसल 25 जनवरी को हुए सामूहिक विवाह (Samuhik Vivah) में बगैर दूल्हे के कई दुल्हनों का खुद ही जयमाल डालते वीडियो सामने आया था तो वही कई दूल्हे नाबालिग भी शादी करने पहुचे थे।
पढ़ें :- ईरान से आई तस्वीर ने वाशिंगटन से लेकर यरूशलम तक मचा हड़कंप, मोजतबा खामेनेई को नया सुप्रीम लीडर घोषित होने के बाद ईरानी बोले- हम झुकेंगे नहीं
इनमें सुल्तानपुर गांव की पांच व मानिकपुर गांव की तीन महिलाएं शामिल हैं। मुख्य विकास अधिकारी के निर्देश पर जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपक श्रीवास्तव (District Social Welfare Officer Deepak Srivastava) ने तहरीर देकर मनियर ब्लॉक के एडीओ (समाज कल्याण) के खिलाफ केस दर्ज करा दिया है। बताया जा रहा है कि डीएम ने एडीओ सुनील कुमार यादव के निलंबन की सिफारिश भी कर दी है।
यूपी के बलिया जनपद में 25 जनवरी को मनियर में हुए मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में बड़ी धांधली का खुलासा। सीडीओ ने 20 सदस्यीय जांच टीम गठित की। ADO सहित 9 लोगों पर FIR। आरोप है कि विवाह में 90 फीसदी हुआ फर्जीवाड़ा।
#ballianews #balliakhabar #ballianews #balliapolice #ballia pic.twitter.com/zDmtBEH7Tt— santosh singh (@SantoshGaharwar) January 31, 2024
पढ़ें :- T20 World Cup 2026 Prize Money : वर्ल्ड चैंपियन भारत पर पैसों की बारिश, उपविजेता न्यूजीलैंड को मिले 14.65 करोड़, जानें किसको कितनी मिली इनामी राशि
सामूहिक विवाह में खेल के सत्यापन में कई चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। मंगलवार को जांच के लिए पहुंची टीम ने असली व नकली लाभार्थियों की सूची तैयार कर देर शाम अधिकारियों को सौंप दी। इस आधार पर अब कई अधिकारियों-कर्मचारियों व लाभार्थियों पर कार्रवाई तय मानी जा रही है। इस पूरे प्रकरण में जिला समाज कल्याण विभाग व ब्लॉकों के अधिकारियों व कर्मचारियों की भूमिका संदिग्ध मिली है।
बताया जाता है कि एक अधिकारी ने बेरुआरबारी ब्लॉक के भरखरा गांव में लाभार्थियों का सत्यापन किया तो कई फर्जी लाभार्थी मिले। सूत्रों की मानें तो भरखरा ग्राम सभा के ही जयनगर पुरवा में कई ऐसे लोग हैं जिनके नाम सूची में नहीं हैं लेकिन 25 जनवरी को सामूहिक विवाह में बांटे गये उपहार लिए। ग्रामीणों के मुताबिक विवाह में भाई-बहन, भयोहू-भसुर भी लालच में फर्जी वर-वधू बनकर योजना का लाभ ले रहे थे। वैसे ब्लॉक में चर्चा है कि सत्ताधारी दल से जुड़े नेताओं के समर्थकों ने भी अपनी ओर से कई लोगों का नाम सूची में शामिल कराया था।
मिली जानकारी के मुताबिक सोमवार को सीडीओ की ओर से गठित तीन सदस्यीय कमेटी ने दो गांवों मानिकपुर व सुल्तानपुर की रहने वाली लाभार्थियों का भौतिक सत्यापन किया। उन्होंने अधिकारियों को दी गयी जांच रिपोर्ट में बताया है कि मानिकपुर में दो लड़कियों की शादी मार्च 2023 में ही हो चुकी है, जबकि एक की शादी जून 2023 में हुई है।