नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ED) की रेड के बाद आम आदमी पार्टी के नेता सौरभ भारद्वाज ने प्रेस कॉफ्रेंस किया। इस दौरान उन्होंने कई बड़े आरोप लगाए। सौरभ भारद्वाज ने कहा, कल ED के कुछ अफसर सुबह-सुबह मेरे घर आए। इन्होंने मेरे घर की तलाशी ली और मुझसे सवाल पूछे, मैंने इनके सभी सवालों का जवाब दिया। इस दौरान एक अधिकारी को एक कागज मिला और उन्हें बड़ी ख़ुशी हुई। मैं भी इस कागज को कई महीनों से ढूंढ रहा था और आज उस कागज को ED वालों ने ढूंढ दिया। इस कागज में स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा दिल्ली हाई कोर्ट में दाखिल किया हुआ हलफनामा था, जिसमें मैंने स्वास्थ्य मंत्रालय की कई मीटिंग का Minute to Minute लिखा हुआ था।
पढ़ें :- Iran-Israel War: इजरायल और अमेरिका से युद्ध के बीच नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई का आया पहला और बड़ा बयान
उन्होंने आगे कहा, ED जिस मामले में छापा मारने आई थी, वह पूरा मामला BJP के LG विनय सक्सेना द्वारा झूठ के आधार पर बनाया गया है। रात के लगभग 8 बजे तक ED ने अपना सभी काम निपटा लिया और पंचनामा बना लिया। ED को मेरे घर से मात्र 2 कागज बरामद हुए। एक चुनाव आयोग में विधानसभा चुनाव के दौरान दाखिल किया हुआ हलफनामा और दूसरा दिल्ली हाई कोर्ट में दिया हुआ हलफनामा।
सौरभ भारद्वाज ने कहा, ED के अधिकारी परिवार को गिरफ्तारी का डर दिखा रहे थे। लेकिन मेरी बच्ची तक उनसे नहीं डरी, इससे अधिकारी और ज़्यादा परेशान हो गए। कुछ देर बाद अधिकारी एक बयान लिखकर लाए और कहा कि यह बयान मेरा ही है, बस इसमें से कुछ बातें हटा दी गई हैं। मैंने उनके बनाये गये बयान की उस कॉपी पर हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया। इसके बाद अधिकारियों ने मेरी बात ED के Deputy Director से कराई, उन्होंने भी यही कहा कि आप इस पर साइन कर दीजिए।
मैंने ED के मनमुताबिक बयान पर साइन करने से मना कर दिया और साफ़ कह दिया कि अगर मुझे गिरफ्तार करना चाहते हो तो गिरफ्तार कर लो।
ED जो मुझसे कागजात मांग रही है, वह सरकार के पास हैं और मैंने RTI लगाकर कागज मांगे थे लेकिन मुझे नहीं दिए गए।
पढ़ें :- पेट्रोल-डीजल को लेकर घबराने की जरूरत नहीं, किसी भी पेट्रोल पंप पर तेल खत्म नहीं...पेट्रोलियम मंत्रालय का दावा
उप राज्यपाल के ख़िलाफ़ मेरे पास बहुत सारे… pic.twitter.com/YCO378x3sa
— AAP (@AamAadmiParty) August 27, 2025
साथ ही कहा, कल Raid के दौरान ED ने खबर चलवाई कि मेरे 13 ठिकानों पर छापे मारे हैं। मैं ED से कहूंगा कि मुझे भी इन ठिकानों के बारे में जानकारी दी जाए, मैं भी देखूं कि ये हैं कहां? मैं 11 साल तक MLA रहा हूं और इस दौरान मैंने सैकड़ों अधिकारियों के साथ काम किया होगा, हजारों लोगों का काम करवाया लेकिन एक आदमी भी नहीं कह सकता है कि मैंने एक पैसा भी लिया। ED के Assitant Director के Laptop में मेरा बयान और उसे कैसे बदला गया, वह सब रिकॉर्ड है। मेरे ही Printer से मेरे बयान का Printout कराया गया था।
ED के Assitant Director मयंक अरोड़ा के Laptop से मेरे ही Wi-Fi से मेरा बयान बाहर साझा किया गया, वह Forensic सबूत भी मौजूद है। उनका Laptop जब्त किया जाये और उसकी Forensic Report को सभी के साथ साझा किया जाए।
सौरभ भारद्वाज ने कहा, BJP की ED मेरे घर से Document चोरी करके लेकर गई है। जब उन्हें मेरे पक्ष का High Court में दाखिल किया हुआ हलफनामा मिला तो उन्होंने दोबारा पंचनामा किया और इस पर पंचों के साइन भी कराए गए। यह पूरा ड्रामा पंचों के सामने किया गया और पंच भी ED के अधिकारियों की हां में हां मिलाते रहे। लेकिन ED ने मेरे घर से कागज चोरी किए, अपने मनमाने ढंग से लिखे गए बयान पर साइन कराने का दबाव डाला। ED ने इस बात का जिक्र तक पंचनामा में नहीं किया है।
पढ़ें :- योगी सरकार में डेटा सेंटर पार्क के लिए 24 घंटे बिजली उपलब्ध कराने की व्यवस्था, आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए डेटा सेंटर निवेश की राह पर यूपी
उन्होंने आगे कहा, मैंने ED के मनमुताबिक बयान पर साइन करने से मना कर दिया और साफ़ कह दिया कि अगर मुझे गिरफ्तार करना चाहते हो तो गिरफ्तार कर लो। ED जो मुझसे कागजात मांग रही है, वह सरकार के पास हैं और मैंने RTI लगाकर कागज मांगे थे लेकिन मुझे नहीं दिए गए। उप राज्यपाल के ख़िलाफ़ मेरे पास बहुत सारे सबूत हैं और यह मुझे साज़िशन गिरफ़्तार भी कर लेते हैं तो हमारे वकील साथी इन्हें सबूतों के साथ उन्हें Expose करेंगे।