Meen Sankranti 2026 : मीन संक्रांति हिंदू सौर पंचांग का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो सूर्य के मीन राशि में प्रवेश का प्रतीक है। वैदिक ज्योतिष के अनुसार, यह पवित्र सौर गोचर तब होता है जब सूर्य कुंभ राशि से मीन राशि में प्रवेश करता है । साल 2026 में मीन संक्रांति 15 मार्च (रविवार) को मनाई जा रही है। इसी के साथ खरमास की शुरुआत होती है, जो लगभग 13 अप्रैल तक चलता है। ज्योतिष अनुसार इस अवधि में विवाह, गृह प्रवेश जैसे मांगलिक कार्य वर्जित होते हैं। यह स्नान, दान और सूर्य पूजा के लिए अत्यंत शुभ दिन है।
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महत्व
मीन राशि बृहस्पति की राशि है, इसलिए सूर्य का यहाँ आना धार्मिक और आध्यात्मिक रूप से महत्वपूर्ण है।
पवित्र स्नान
गंगा या पवित्र नदियों में स्नान का विशेष महत्व है, आप घर पर ही गंगाजल मिलाकर स्नान कर सकते हैं।
सूर्य पूजा
सूर्य देव को तांबे के लोटे से जल अर्पित करें, ‘ॐ सूर्याय नमः’ मंत्र का जाप करें और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।
दान
इस दिन अन्न, वस्त्र, गुड़, तिल और घी का दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है।
लक्ष्मी नारायण पूजा
मीन राशि बृहस्पति की है, इसलिए इस दिन भगवान विष्णु और लक्ष्मी जी की पूजा करना भी कल्याणकारी माना जाता है।
मीन संक्रांति से मौसम में बदलाव शुरू होता है और यह चैत्र माह की शुरुआत का संकेत भी है।