पटना: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के कार्यकारी अध्यक्ष और बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष (Leader of the Opposition in Bihar Legislative Assembly) तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) यूरोप दौरे (Europe Tour) से लौटते ही बिहार की राजनीति (Bihar Politics) में आक्रामक तेवर के साथ उतर गए हैं।
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बिहार में छात्र प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए सैंकड़ों छात्रों, विपक्षी विधायकों और नेताओं को तत्काल रिहा करें। छात्रों पर गोली चलाने वाले पुलिसकर्मियों पर कारवाई करें।
एक सड़कछाप अपराधी प्रवृति वाले व्यक्ति को लोकतंत्र की जननी बिहार में मुख्यमंत्री बना दिया गया है जिसके… pic.twitter.com/6HAKUMppdP
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) July 26, 2026
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पटना एयरपोर्ट (Patna Airport) पर मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी (Chief Minister Samrat Chaudhary) पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला। छात्रों पर पुलिस कार्रवाई, बिहार बंद के दौरान हुई गिरफ्तारियों और अपने बड़े भाई तेज प्रताप यादव (Tej Pratap Yadav) की गिरफ्तारी को लेकर उन्होंने सरकार को सीधी चुनौती दी। तेजस्वी ने गिरफ्तार छात्रों की रिहाई और मुकदमे वापस लेने के लिए सरकार को समय सीमा देते हुए चेतावनी दी कि ऐसा नहीं होने पर बिहार में बड़ा आंदोलन होगा।
पटना एयरपोर्ट पर सम्राट सरकार पर तीखा हमला
दिल्ली से पटना पहुंचने के बाद तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने कहा कि बिहार बंद के दौरान छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया, उन्हें जेल भेजा गया और उनकी आवाज दबाने की कोशिश की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार पुलिस का इस्तेमाल आंदोलन को कुचलने के लिए कर रही है। तेजस्वी ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी (Chief Minister Samrat Chaudhary) पर व्यक्तिगत हमला करते हुए उन्हें “सड़क छाप गुंडा” और “अपराधी” तक कह दिया। साथ ही आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार पुलिस को भी “गुंडा” बना रही है। हालांकि, इन आरोपों पर सरकार की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।
छात्रों की रिहाई का अल्टीमेटम
तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने कहा कि बिहार बंद के दौरान गिरफ्तार सभी छात्रों को तुरंत रिहा किया जाए और उनके खिलाफ दर्ज मुकदमे वापस लिए जाएं। उन्होंने कहा कि सरकार के पास “कल तक” का समय है, अन्यथा राज्यभर में बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा। NEET पेपर लीक मामले पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि ये सरकार ही लीक है। उन्होंने दावा किया कि बिहार में लगातार पेपर लीक की घटनाएं हुई हैं और सरकार युवाओं के भविष्य की रक्षा करने में विफल रही है।
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तेज प्रताप यादव की गिरफ्तारी को बताया गलत
तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने अपने बड़े भाई तेज प्रताप यादव (Tej Pratap Yadav) की गिरफ्तारी को भी गलत करार दिया। उन्होंने कहा कि छात्रों के समर्थन में प्रदर्शन करने पर उनके खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर जेल भेजना लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ है। तेज प्रताप (Tej Pratap Yadav) को बिहार बंद के दौरान कथित हिंसा, तोड़फोड़ और आगजनी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। पुलिस का कहना है कि CCTV फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर उनकी भूमिका की जांच की जा रही है, जबकि तेजस्वी का आरोप है कि विपक्ष की आवाज दबाने के लिए कार्रवाई की जा रही है।
‘तानाशाही नहीं चलेगी’, आंदोलन की चेतावनी
तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने दावा किया कि बिहार बंद के दौरान कई विपक्षी विधायकों को भी हिरासत में लिया गया। उन्होंने कहा कि छात्रों और विपक्षी नेताओं पर कार्रवाई कर सरकार लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन कर रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि गिरफ्तार छात्रों को रिहा नहीं किया गया और मुकदमे वापस नहीं लिए गए तो आरजेडी (RJD)और विपक्ष बड़े जनआंदोलन का रास्ता अपनाएंगे। तेजस्वी के इस बयान के बाद छात्र आंदोलन और तेज प्रताप यादव की गिरफ्तारी का मुद्दा बिहार की राजनीति में सत्ता और विपक्ष के बीच नए टकराव का केंद्र बन गया है।