बेंगलुरु । कर्नाटक पुलिस (Karnataka Police) ने गुरुवार को भगदड़ मामले में आखिरकार 24 घंटे बाद बड़ा एक्शन लेते रॉयल चैंलेंजर्स बेंगलुरु (RCB), इवेंट मैनेजमेंट कंपनी (DNA) और कर्नाटक क्रिकेट एसोसिएशन (KCA) के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है। इन पर विक्ट्री परेड के दौरान आपराधिक लापरवाही का आरोप लगाया गया है। एफआईआर में धारा 105, 125 (1) (2), 132, 121/1, 190 आर/डब्ल्यू 3 (5) लगाई गई है।
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FIR में कहा गया है कि भगदड़ की घटना अव्यवस्था और जिम्मेदार एजेंसियों की लापरवाही की वजह से हुई। उधर, इस मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। एक्टिंग चीफ जस्टिस वी कामेश्वर राव और जस्टिस सी एम जोशी बेंच ने राज्य सरकार को हादसे पर स्टेट्स रिपोर्ट पेश करने को कहा है। अब अगली सुनवाई 10 जून को होगी।
वहीं, याचिकाकर्ता के वकील ने कोर्ट से कहा, ‘राज्य सरकार को यह बताना चाहिए कि आरसीबी (RCB) के खिलाड़ियों को सम्मानित करने का फैसला किसने लिया है। जो खिलाड़ी देश के लिए नहीं खेलते, उन्हें सम्मानित करने की क्या मजबूरी थी।’
दरअसल, 4 मई को रॉयल चैंलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने पहली बार IPL खिताब जीतने पर बेंगलुरु में विक्ट्री परेड का आयोजन किया था। पहले राज्य सरकार ने विधानसभा परिसर में सभी खिलाड़ियों का सम्मान किया। इसके बाद चिन्नास्वामी स्टेडियम में कार्यक्रम में हुआ। इससे पहले ही स्टेडियम के बाहर जुटी भीड़ में भगदड़ मचने से 11 लोगों की मौत हो गई। 33 घायल हैं। सभी मरने वाले 35 साल से कम उम्र के थे, 3 टीनएजर हैं।
स्टेडियम के भीतर जश्न को कैंसल करने का किया था अनुरोध
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आरसीबी (RCB) ने 3 जून को आईपीएल का अपना पहला खिताब जीता था, जिसके बाद टीम की विक्ट्रूी परेड निकालने की बात सामने आई थी। 4 जून को सुबह से ही सड़कों पर भीड़ उमड़ने लगी। भीड़ को देखते हुए पुलिस ने विक्ट्री परेड की परमिशन नहीं दी और इसे कैंसिल कर दिया गया। पुलिस ने एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में हुए उस जश्न को भी स्थगित करने का अनुरोध किया था. उनका मानना था कि अभी फैंस में बहुत उत्साह है, क्योंकि एक दिन पहले ही टीम ने ट्रॉफी जीती है।
आरसीबी 4 जून को ही करना चाहती थी कार्यक्रम
पुलिस चाहती थी कि आरसीबी (RCB) ये प्रोग्राम रविवार (8 जून 2025) को आयोजित करे, लेकिन आरसीबी (RCB) ने तर्क दिया था कि उनके विदेशी खिलाड़ी अपने देश लौट जाएंगे इसलिए वे 4 जून को ही कार्यक्रम रखना चाहते हैं। बेंगलुरु के शहरी उपायुक्त जी जगदीश ने इससे पहले कहा कि भगदड़ की घटना की जांच में शामिल होने के लिए कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (केएससीए), रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और पुलिस आयुक्त बी दयानंद को नोटिस जारी किया जाएगा।
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने लिया संज्ञान
चिन्नास्वामी स्टेडियम का निरीक्षण किया जहां बुधवार को भगदड़ मची थी। बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम के पास बुधवार (4 जून 2025) को मची भगदड़ में 11 लोगों की मौत हो गई और 50 से अधिक लोग घायल हो गए। इस भगदड़ का राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने संज्ञान लिया है। उसने जिला प्रशासन और पुलिस को नोटिस भेजकर एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट मांगी है।
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एनएचआरसी के अनुसार यह आरोप लगाया गया है कि अधिकारियों की ओर से भीड़ को नियंत्रण करने का प्रबंधन खराब था और हैरानी की बात यह है कि त्रासदी होने और स्टेडियम के बाहर शव पड़े होने के बावजूद स्टेडियम के अंदर उत्सव और जश्न जारी रहा। एनएचआरसी ने बताया कि शिकायतकर्ता ने मामले में आयोग से हस्तक्षेप करने की मांग की और उच्च स्तरीय जांच, जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने, पीड़ितों को मुआवजा और न्याय दिलाने का अनुरोध किया।