Choti Diwali 2024 : दीपावली को दीप मालिकाओं का त्योहार कहा जाता है। यह 5 दिन का पर्व होता है। धनतेरस, छोटी दिवाली, बड़ी दिवाली, गोवर्धन पूजा और भाई दूज, ये पांच पर्व लगातार आते हैं। प्राचीन काल से ही दीपोत्सव के इस त्योहार को मनाया जा रहा है। दिवाली से एक दिन पहले छोटी दिवाली या नरक चतुर्दशी का व्रत रखा जाता है। यह व्रत हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन दीप दान का विशेष महत्व है और भगवान श्री कृष्ण, यमराज जी की पूजा की जाती है। मान्यता है कि नरक चतुर्दशी के दिन पूजा-पाठ करने से विशेष लाभ प्राप्त होता है। ऐसे में आइए जानते हैं, कब मनाई जाएगी छोटी दिवाली और क्या है इस दिन का महत्व?
पढ़ें :- Gudi Padwa 2026 : मराठी नववर्ष गुड़ी पड़वा इस दिन मनाया जाएगा,जाने शुभ मुहूर्त और महत्व
वैदिक पंचांग के अनुसार , छोटी दिवाली 2024 तारीख कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि का आरंभ 30 अक्टूबर को दोपहर 01:20 बजे हो रहा है और यह तिथि 31 अक्टूबर को दोपहर 03:50 बजे समाप्त होगी। नरक चतुर्दशी के दिन सुबह किए जाने वाले अभ्यंग स्नान का विशेष महत्व होता है, इसलिए इस वर्ष नरक चतुर्दशी व्रत या छोटी दिवाली 31 अक्टूबर 2024, गुरुवार को मनाई जाएगी। इस दिन अभ्यंग स्नान का समय प्रातः 05:25 बजे से प्रातः 06:30 बजे के बीच रहेगा।
पौराणिक शास्त्रों में यह बताया गया है कि नरक चतुर्दशी के दिन ही भगवान श्री कृष्ण ने नरकासुर का वध करके 16000 महिलाओं को उसकी कैद से मुक्त किया था। इसलिए इस विशेष दिन पर पूजा-पाठ का साथ ही इस दिन दीपदान का विशेष महत्व है। कहा जाता है कि इस दिन चौमुखी दीपक जलाने से घर में सुख-समृद्धि आती है।