Advertisement
  1. हिन्दी समाचार
  2. देश
  3. यदि पद का मद हो जाता है तो उसका कद कम हो ही जाता है…वसुंधरा राजे के बयान पर बड़ी सियासी सरगर्मी

यदि पद का मद हो जाता है तो उसका कद कम हो ही जाता है…वसुंधरा राजे के बयान पर बड़ी सियासी सरगर्मी

By शिव मौर्या 
Updated Date

नई दिल्ली। राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का एक बयान से सियासी सरगर्मी बढ़ गयी है। उनके बयान से कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि, यदि पद का मद हो जाता है, तो उसका कद कम हो ही जाता है। आज के दौर में ये होता रहता है। पूर्व मुख्यमंत्री के इस बयान से अब तरह तरह कयास शुरू हो गए हैं।

पढ़ें :- जब हम भारत और फ्रांस की बात करते हैं तो हमारा रिश्ता इनोवेशन के साथ-साथ trust और shared values का भी ​है: पीएम मोदी

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि, राजनीति का दूसरा नाम है वो है उतार-चढ़ाव। हर व्यक्ति को इस दौर में गुरजना पड़ता है। हर व्यक्ति में तीन चीज ध्यान में आने की जरूरत है। पद, मद और कद। इन तीन चीजों पर हम सब को ध्यान देने की जरूरत है। पद और मद तो स्थायी है नहीं। अच्छा काम करते है तो लोग याद करते है। फिर कद बना ही रहता है। मैं इसलिए आपको ध्यान दिलाना चाहूंगी। यदि पद का मद हो जाता है, तो उसका कद कम हो ही जाता है।

उन्होंने आगे कहा कि, आज के समय ये होता रहता है। उन्होंने आगे कहा कि, आपके सामने एक ऐसा कार्यकर्ता है मदन राठौड जो पद का मद नहीं करेगा। आप लोगों को सर आंखों पर लेकर आगे चलाने की बात करने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ेगा। ऐसे ही व्यक्ति की हमारी पार्टी को जरूरत थी। इसी वजह के दुनिया के अंदर इतनी बड़ी पार्टी हमारी बनी है। वसुंधरा राजे ने कहा कि सबको साथ लेकर चलना बहुत मुश्किल काम है। कई लोग फेल हो गए। पद का अहंकार कद कम करता है। लेकिन मदन राठौड़ ऐसे कार्यकर्ता है जिनको पद का मद नहीं है।

Advertisement