Karwa Chauth 2024 : कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को करवा चौथ का त्योहार मनाया जाता है। करवा चौथ व्रत सुहागिन स्त्रियों के लिए बहुत खास होता है। इस दिन सुहागिन स्त्रियां माता पार्वती व चंद्र देव से अमर सुहाग का वरदान मांगती हैं। निर्जला व्रत रखती हैं और रात में चंद्र दर्शन करके पति के हाथों पानी पीकर व्रत का पारण करती हैं।
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करवा चौथ पूजा मुहूर्त
करवा चौथ 2024 की तिथि और पूजा मुहूर्त
करवा चौथ 2024 की तिथि: 20 अक्टूबर 2024, रविवार
पूजा का मुहूर्त: शाम 5:46 से रात 7:09 बजे तक (1 घंटा 16 मिनट)
चांद निकलने का समय : रात 7:54 बजे
व्रत का पीरियडः सुबह 6:25 से रात 7:54 बजे तक (13 घंटे 29 मिनट)
1. करवा
करवाचौथ की थाली में सबसे जरूरी होता है करवा, जो मिट्टी या तांबे का एक छोटा कलश होता है।. इसमें जल भरा जाता है और इसी से चंद्रमा को अर्घ्य दिया जाता है।. इसे शुभता और सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है।
2. दीया
करवाचौथ की पूजा में दीया जलाने का विशेष महत्व है। दीपक जीवन में उजाला और समृद्धि का प्रतीक है।
3. सिंदूर
सिंदूर भारतीय संस्कृति में सुहागिन महिलाओं के सौभाग्य का प्रतीक है। करवा चौथ की पूजा में सिंदूर का प्रयोग अनिवार्य होता है। पूजा के समय महिलाएं अपनी मांग में सिंदूर भरती हैं और इसे देवी-देवताओं को अर्पित करती हैं।
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4. श्रीफल (नारियल)
नारियल को श्रीफल के रूप में पूजा में शामिल किया जाता है।
5. मिठाई
करवा चौथ की पूजा में मिठाई का स्थान भी बेहद खास होता है। व्रत खोलने के बाद महिलाएं सबसे पहले मिठाई का सेवन करती हैं। मिठाई को देवी-देवताओं को भी अर्पित किया जाता है और फिर इसका प्रसाद ग्रहण किया जाता है।