नई दिल्ली। टीम इंडिया (Team India) ने सिडनी मैच में नौ विकेट से जीत हासिल की है। ऑस्ट्रेलिया को क्लीन स्वीप करने से रोक दिया। इस मैच में रो-को का अहम योगदान रहा। रोहित शर्मा (Rohit Sharma) ने नाबाद 121 और विराट कोहली ने नाबाद 74 रनों की पारियां खेल भारत को नौ विकेट से जीत दिलाई। इस पारी के बाद रोहित ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास को लेकर बहुत बड़े संकेत दे दिए हैं।
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भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 236 रनों पर ढेर कर दिया था। भारत ने 38.3 ओवरों में एक विकेट खोकर ये टारगेट हासिल कर लिया। रोहित ने अपनी नाबाद पारी में 125 गेंदों का सामना कर 13 चौकों के अलावा तीन छक्के मारे। कोहली ने 81 गेंदों का सामना किया और सात चौके मारे।
‘पता नहीं आएंगे या नहीं’
रोहित ने मैच के बाद बात करते हुए संकेत दिए हैं कि उनके रिटायरमेंट के दिन करीब हैं। रोहित ने कहा,कि मुझे ऑस्ट्रेलिया में आकर खेलना पसंद है। मेरे दिमाग में 2008 की यादें अभी तक ताजा है। नहीं पता कि हम दोनों अब ऑस्ट्रेलिया लौटकर आएंगे या नहीं। हमने अपनी क्रिकेट का लुत्फ उठाया है चाहे कोई भी सम्मान मिला हो या नहीं मिला हो। हमने पर्थ में नई शुरुआत की थी। मैच के बाद रोहित और विराट कोहली (Virat Kohli) ने एडम गिलक्रिस्ट और रवि शास्त्री के साथ विशेष बातचीत की। रोहित ने कहा, ऑस्ट्रेलिया आना और यहां खेलना हमेशा अच्छा लगता है। हम चाहे कितनी भी उपलब्धियां हासिल कर लें, हम अपने क्रिकेट का आनंद लेते हैं। मैं इसी तरह से चीजों को देखता हूं। शुक्रिया ऑस्ट्रेलिया।
रोहित का 50वां इंटरनेशनल शतक
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रोहित को उनकी पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच (Player of the Match) चुना गया। रोहित का ये कुल 50वां इंटरनेशनल शतक था। वहीं ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उनका ये नौवां शतक था। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सबसे ज्यादा शतक लगाने के मामले में रोहित ने सचिन तेंदुलकर की बराबरी की है। इसके अलावा वह भारत के दूसरे बल्लेबाज बने हैं जिन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2500 रन बनाए हैं। उनसे पहले सचिन ने ये काम किया था।
कोहली ने दर्शकों का जताया आभार
कोहली ने कहा, खेल आपको इस मोड़ पर भी कुछ न कुछ सिखाता है। जब चीजें आपके हिसाब से नहीं चल रही हों तो यह बहुत चुनौतीपूर्ण होता है। बीच के हालात मुझे और भी बेहतर बना देते हैं। रोहित के साथ बल्लेबाजी करना आसान था और खुशी है कि यह मैच-फिनिशिंग साझेदारी रही। शुरुआत से ही हम खेल को अच्छी तरह समझ रहे थे। इसी तरह आप सफल होते हैं। उस जमाने में भी, हमें लगता था कि हम विरोधी टीम से मैच छीन सकते हैं। इसकी शुरुआत 2013 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घरेलू वनडे मैचों में हुई थी। वे भी जानते हैं कि अगर हम साथ मिलकर 20 ओवर बल्लेबाजी करते हैं तो मैच पक्का हो जाता है। हमें इस देश में आकर बहुत अच्छा लगा, हमने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। आप लोग (दर्शक) शानदार हैं।