लखनऊ। यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ (UP CM Yogi Adityanath) ने कहा कि “उत्तर प्रदेश जैसे राज्य में, जहां कृषि और कृषि आधारित क्षेत्रों से जुड़ी अपार संभावनाएं छिपी हुई हैं, वहां जो काम होने चाहिए थे, वे पिछली सरकारों की लापरवाही और किसान विरोधी मानसिकता के कारण आगे नहीं बढ़ पाए। उन्होंने कहा कि आपस में बांटने के लिए योजनाएं बनाई गईं।
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सीएम योगी (CM Yogi) ने कहा कि टेंडर छीनने के लिए योजनाएं बनाई गईं और किसानों, युवाओं, महिलाओं, पशुपालकों के हित की भावना खत्म हो गई। धीरे-धीरे राज्य की हालत दयनीय होती गई। किसान आत्महत्या करके मरने लगे और किसानों की हालत खराब होती गई। लेकिन 2014 के बाद सर्वांगीण विकास की भावना को पीएम मोदी ने आगे बढ़ाया और आज इसे जमीनी हकीकत के रूप में देखा जा सकता है। सीएम योगी ने कहा कि इसे हम यूपी के किसानों के जीवन में आए बदलाव के जरिए भी देख सकते हैं। आज हमारे किसान खुशहाल हैं। वे आज आत्महत्या नहीं करते और न ही पलायन करते हैं।
राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड एवं उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन के मध्य MoU हेतु लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में… https://t.co/K4PLSFTFsQ
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 25, 2025
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सीएम योगी (CM Yogi) ने कहा कि कृषि संकल्प अभियान (Krishi Sankalp Abhiyan) पीएम मोदी (PM Modi) के विजन को साकार करता हुआ दिख रहा है। पशुपालन और डेयरी के क्षेत्र में अपार संभावनाएं होने के बावजूद भी पिछली सरकारों ने ईमानदारी से काम नहीं किया। नतीजा यह हुआ कि यहां के अच्छे पशुधन खत्म होने लगे। यूपी में सबसे उपजाऊ जमीन है, सबसे अच्छे जल संसाधन हैं। यहां अच्छी गुणवत्ता वाले पशुधन भी हुआ करते थे। लेकिन वे खत्म होने लगे। अब इस क्षेत्र में पिछले 10-11 सालों में किए गए काम का नतीजा यूपी में दिख रहा है।