मुंबई। महाराष्ट्र में 20 साल बाद मुंबई में एक मंच पर उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) और राज ठाकरे (Raj Thackeray) बंधु शनिवार को मराठी अस्मिता (Marathi Identity) के लिए हुंकार भरी है। ‘मराठी विजय दिन’ (Marathi Vijay Diwas) के बैनर तले से संयुक्त रैली को संबोधित कर रहे हैं।
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मराठी माणसाची जाग कायम ठेवूया, आपली एकजूट भक्कम करूया! | UddhavSaheb Thackeray | भव्य विजयी मेळावा | एन. एस. सी. आय. डोम, वरळी, मुंबई – #LIVE https://t.co/wnSuF8Kdj6
— Office of Uddhav Thackeray (@OfficeofUT) July 5, 2025
शिवसेना (UBT) और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) की संयुक्त रैली के दौरान भाईयों, उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे ने गले मिलकर एक दूसरे को बधाई दी। महाराष्ट्र सरकार ने हिंदी को तीसरी भाषा के रूप में लागू करने के लिए दो सरकारी प्रस्तावों को रद्द कर दिया है। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के अध्यक्ष राज ठाकरे ने कहा कि मैंने अपने एक इंटरव्यू में कहा था कि मेरा महाराष्ट्र किसी भी राजनीति और लड़ाई से बड़ा है। आज 20 साल बाद मैं और उद्धव एक साथ आए हैं। जो बालासाहेब नहीं कर पाए, वो देवेंद्र फडणवीस ने कर दिखाया। हम दोनों को साथ लाने का काम किया है।
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उद्धव और राज ठाकरे निश्चित रूप से मराठी मानुष को दिशा देंगे : संजय राउत
शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत ने शिवसेना-मनसे की ‘मराठी विजय रैली’ पर कहा,कि यह महाराष्ट्र में हम सभी के लिए एक त्यौहार की तरह है कि ठाकरे परिवार के दो प्रमुख नेता, जो अपनी राजनीतिक विचारधाराओं के कारण अलग हो गए थे। आखिरकार 20 साल बाद एक मंच साझा करने के लिए एक साथ आ रहे हैं। हमारी हमेशा से यह इच्छा रही है कि हमें उन लोगों से लड़ना चाहिए जो महाराष्ट्र के लोगों के खिलाफ हैं। आज एक साथ आकर उद्धव और राज ठाकरे निश्चित रूप से मराठी मानुष को दिशा देंगे।