लखनऊ। योगी सरकार (Yogi Government) पूरे प्रदेश में ‘शिक्षा सप्ताह’ मना रही है। इसके अंतर्गत सातवें दिन ‘सामुदायिक सहभागिता दिवस’ (Community Participation Day) मनाया गया। इसके जरिए परिषदीय स्कूलों के बच्चों को निपुण बनाने के लिए उनमें ‘सामुदायिक सहभागिता’ (Community Participation) के भाव बोये गये। इस दौरान विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों ने न सिर्फ अपने ज्ञान, कौशल व अनुभव को बच्चों के साथ साझा किया बल्कि शिक्षा चौपाल का आयोजन कर उन्हें शिक्षा के महत्व को भी बताया गया। परिषदीय बच्चों को शिक्षित करने में अपना योगदान देने वाले सक्रिय वालंटियर्स के नामों को विद्यालय की ‘सम्मान की दीवार’ या ‘सूचना पट्ट’ पर अंकित करने का काम हुआ तो बच्चों को निपुण बनाने के लिए रैलियां निकालकर उन्हें जागरूक किया गया। इतना ही नहीं, नुक्कड़ नाटकों का आयोजन कर उनमें ‘सामुदायिक सहभागिता के भाव भरे गये।
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बता दें कि शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार के निर्देश पर उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा विभाग (Uttar Pradesh Basic Education Department) 22 से 28/29 जुलाई के बीच परिषदीय प्राथमिक, उच्च प्राथमिक एवं कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में ‘शिक्षा सप्ताह’ (Education Week) मनाया गया है। इसके लिए अलग-अलग दिनों के लिए अलग-अलग गतिविधियां और कार्यक्रम तय किये गये थे। इसी क्रम में 28/29 जुलाई को ‘सामुदायिक भागीदारी दिवस’ (Community Participation Day) मनाया गया।
इन पर रहा फोकस
– विभिन्न संस्थानों के विशेषज्ञों ने विद्यालय में अपनी पसंद के अनुसार अपना ज्ञान व कौशल बच्चों के साथ साझा किया।
– समुदाय/विद्यालय/स्थानीय संस्थान में शिक्षा चौपाल का आयोजन हुआ।
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– विद्यालय में ‘सम्मान की दीवार/सूचना पट्ट’ पर सक्रिय वालंटियर्स के नाम अंकित हुए।
– प्रधानाचार्य/शिक्षक/छात्र द्वारा वालंटियर्स के लिए धन्यवाद पत्र लिखा गया।
– रैली वा नुक्कड़ नाटक का आयोजन हुआ।
– विद्यालयों और समुदाय में एसएमसी के सहयोग से ‘वालंटियर्स बनो अभियान’ चलाया गया।