लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जनपद ललितपुर में राजकीय मेडिकल कॉलेज सहित ₹1,766 करोड़ लागत की 221 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं चेक भी वितरित किए गए। उन्होंने कहा, ये विकास परियोजनाएं बुंदेलखंड क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं, आधारभूत संरचना और जनसुविधाओं को नई मजबूती प्रदान करते हुए क्षेत्रीय विकास को नई गति देंगी।
पढ़ें :- Ram Mandir Donation Theft Case : सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र, यूपी सरकार व ट्रस्ट से जवाब मांगा, SIT से मांगी स्टेटस रिपोर्ट
मुख्यमंत्री ने कहा, आज ललितपुर के पास अपना मेडिकल कॉलेज है, अटल आवासीय विद्यालय है और लगभग 1,500 एकड़ क्षेत्रफल में उत्तर प्रदेश का पहला फार्मा पार्क भी जनपद में विकसित किया जा रहा है। बुंदेलखंड अब विकास का एक Model बन रहा है। ‘हर घर नल’ योजना बुंदेलखंड में साकार हो रही है। शुद्ध पेयजल लोगों के घरों तक पहुंचाया जा रहा है। बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे के साथ-साथ उत्तर प्रदेश का सबसे बड़ा औद्योगिक शहर ‘BIDA’ भी बुंदेलखंड में विकसित किया जा रहा है।
विकास पथ पर गतिमान – नए उत्तर प्रदेश का नया ललितपुर।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी आज जनपद ललितपुर में राजकीय मेडिकल कॉलेज सहित ₹1,766 करोड़ लागत की 221 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के… pic.twitter.com/9rJ719P1WN
— CM Office, GoUP (@CMOfficeUP) June 20, 2026
पढ़ें :- परिवार कल्याण निदेशालय के महानिदेशक एवं वित्त नियंत्रक का कारनामा, निर्माण कार्य के बजट को दूसरे मद में बांटा, डिप्टी सीएम ने मांगी रिपोर्ट
उन्होंने आगे कहा, ‘बलिनी मिल्क प्रोड्यूसर’ के माध्यम से महिला स्वयं सहायता समूहों के लिए आयवृद्धि और आत्मनिर्भरता का एक उत्कृष्ट मॉडल विकसित हो रहा है। इस मॉडल का सबसे सशक्त उदाहरण आज बुंदेलखंड क्षेत्र में विशेषकर झांसी और ललितपुर में देखने को मिल रहा है। ललितपुर में उत्तर प्रदेश का पहला फार्मा पार्क विकसित किया जा रहा है। इसके पश्चात हम प्रदेश में ‘आयुष’ के लिए भी अलग से एक फार्मा पार्क बनाएंगे।
साथ ही कहा, बुंदेलखंड क्षेत्र में सिंचाई परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाने का काम किया गया है। दशकों से लंबित अर्जुन सहायक परियोजना पूरी हो गई है। रतौली बांध, भावनी बांध, कचनौदा बांध और मझगांव-चिल्ली स्प्रिंकलर सिंचाई परियोजनाओं ने आज बुंदेलखंड के अन्नदाता किसानों की किस्मत बदल दी है। हमारा अन्नदाता किसान अब कई गुना आय अर्जित कर रहा है।