नई दिल्ली। संसद के मॉनसून सत्र (Monsoon Session) में समाजवादी पार्टी के कन्नौज सांसद अखिलेश यादव (Kannauj MP Akhilesh Yadav) ने कहा कि आज हर परिवार बच्चे की शिक्षा और बुजुर्गों की दवा की चुनौतियों से परिचित है। यादव ने कहा कि बजट में बेरोजगारी दूर करने और युवाओं तथा गांवों को राहत पहुंचाने पर ध्यान नहीं दिया गया।
पढ़ें :- Viral Video: लड़की को आई नींद तो लड़का ट्रेन में अश्लीलता पर उतरा तो इस तरह सिखाया सबक
भूख सूचकांक में कहां खड़ा है भारत ?
अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने राजकोष द्वारा किए गए विकास कार्यों को गिनाने वाले भाषणों की ओर इशारा करते हुए पूछा कि भूख सूचकांक में भारत कहां खड़ा है? उन्होंने अपने गृह राज्य उत्तर प्रदेश में बन रहे नए संस्थानों के बारे में भी राजकोष से सवाल किया। अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने लोकसभा में बजट पर कहा कि 11वें बजट के बाद भी नाउम्मीदगी दिखाई दे रही है। सरकार बनने के बाद जो चेहरों पर खुशी होनी चाहिए, उतनी खुशी नहीं दिखाई दी। युवाओं, युवाओं और गांव और रोजगार के लिए उनकी तकलीफ का मुद्दा 9, 2, 11 दिखाई दे रहा है। बच्चों को पढ़ाना और घर के बड़े बुजुर्गों की दवाई से लेकर मुश्किल का सामना करना पड़ रहा है। ये बाते परिवार वाले बखूबी जानते हैं। आपने बड़ा सपना दिखाया मेक इन इंडिया (Make in India) । यूपी से सबसे ज्यादा लोकसभा के सांसद चुने जाते हैं। हमें कोई बहुत बड़ा प्रोजोक्ट नहीं मिला। प्रधानमंत्री जी 10 साल में कोई आईआईएम मिला हो, कोई आईआईटी मिली हो तो बताएं ।
ट्रेन दुर्घटना के लिए सरकार कुछ करें और ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हो
झारखंड में ट्रेन के पटरी से उतरने की घटना पर समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि लगता ये है कि सरकार हर चीज में रिकॉर्ड बनाना चाहती है। अभी कुछ दिन पहले पेपर लीक रिकॉर्ड चल रहा था। लगता है उसी तरह ट्रेन दुर्घटना का भी रिकॉर्ड बनने जा रहा है। उनके पास इतना बड़ा बजट है फिर भी दुर्घटना क्यों हो रही हैं? लोगों को सुविधाएं क्यों नहीं मिल रही हैं। आज की घटना में जिन लोगों की जान गई उनके लिए सरकार कुछ करें और भविष्य में ऐसी घटनाएं न हो उसके लिए कोई पुख्ता इंतजाम करें।
पढ़ें :- Yogi Cabinet : सरकारी वकीलों का मानदेय बढ़ा, मंथली रिटेनरशिप के ऊपर बहस की नई फीस फिक्स
हाल ही में हुए लोकसभा चुनावों नतीजों पर अखिलेश यादव ने कहा कि अगर देश दस साल पहले की स्थिति में होता तो क्या सत्ताधारी दल को भी वही नतीजे मिलते? यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की जीत का अंतर भी कम हुआ है। राजकोष से प्रत्यक्ष विदेशी निवेश और देश में दूरसंचार विनिर्माण के बारे में अपने विचार प्रस्तुत करते हुए यादव ने कहा कि विनिर्माण के लिए समाजवादी पार्टी की औद्योगिक नीतियों ने प्रावधान किया था, न कि मौजूदा सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ नीतियों ने।
बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे को हरिद्वार तक बढ़ाया जाना चाहिए
अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने उत्तर प्रदेश में विकास पहलों के बारे में सत्तापक्ष से सवाल पूछे। एफडीआई के मामले में, यादव ने पूछा कि क्या यूपी को देश में प्राप्त कुल एफडीआई का 1 फीसदी से अधिक प्राप्त हुआ है। इसके अलावा यादव ने केंद्र सरकार द्वारा राज्य में नए एक्सप्रेसवे बनाने के लिए धन आवंटित न करने की शिकायत भी की। कन्नौज के सांसद ने हाल ही में उद्घाटन किए गए चार लेन वाले एक्सप्रेसवे बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के बारे में भी चिंता व्यक्त की, जो बिना मरम्मत के पड़ा हुआ है और उसे वित्त पोषित नहीं किया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि एक्सप्रेसवे को हरिद्वार तक बढ़ाया जाना चाहिए।
महंगाई और मुनाफा इस सरकार ने पिछले 10 साल में डीएपी की बोरी को और छोटा कर दिया
अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने कहा कि आपने तो पारले जी बिस्किट से एक ही चीज सीखी है, महंगाई और मुनाफा इस सरकार ने पिछले 10 साल में डीएपी की बोरी को और छोटा कर दिया। जब किसान डीएपी (DAP)लेने गया तो कहा कि बिना नैनो यूरिया (Nano Urea) को ये नहीं मिलेगा। जिस समय लद्दाख और चीन को लेकर सवाल उठा था, उस समय राजनीतिक दलों से सुझाव मांगे गए थे। उस समय सुझाव था कि लिपुलेख से लेकर ग्वालियर तक 6 लाइन की हाइवे बननी चाहिए। जब जरूरी होगा तब सेना जल्दी से मूव कर सकती है। जो सरकार मंचों से ये कहती थी हम किसानों की आय दोगुनी कर देंगे। आज तो 11 साल हो गए सरकार को क्या किसान की आय दोगुनी हो गई क्या। आप कहते हैं कि आप एमएसपी (MSP) दे रहे हैं तो आप कानूनी गारंटी क्यों नहीं दे रहे हैं।
पढ़ें :- योगी कैबिनेट ने प्रदेश के 5 जिलों में नई जेल, 17 नगर निगमों को संचालित होंगी 1725 इलेक्ट्रिक बसें
पीएम एयरफोर्स का सबसे बड़ा हवाई जहाज हरक्यूलस विमान लेकर जिस एक्सप्रेस पर उतरे थे वे समाजवादियों की देन थी