नई दिल्ली। केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को लोकसभा में बजट पर हुई चर्चा का जवाब दिया। उन्होंने कहा, केंद्रीय बजट 2026-27 में केंद्र मेगा टेक्सटाइल पार्क बनाने के लिए राज्यों के साथ काम करने करेगी और बजट में पशुपालन, खेती और मछली पालन पर जोर दिया गया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार ने श्रम प्रधान क्षेत्रों को बजट में प्राथमिकता दी गई है। इसके तहत बायोफार्मा सेक्टर पर विशेष ध्यान दिया गया है।
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स्टार्टअप्स के विस्तार के लिए उन्हें बड़े डोमेन उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता जताते हुए वित्त मंत्री ने साफ किया है कि मेगा टेक्सटाइल पार्कों के विकास के लिए केंद्र सरकार राज्यों के साथ मिलकर काम करने को पूरी तरह तैयार है। उन्होंने ओ कहा, इस बजट में सकल कर प्राप्तियां 44.04 लाख करोड़ रुपये होने का अनुमान है। यह 2025-26 के अनुमानित राजस्व से लगभग 8% अधिक है, यानी इसमें 3.26 लाख करोड़ रुपये का इजाफा हुआ है। यदि हम 2026-27 के कुल व्यय को देखें, तो यह 53.47 लाख करोड़ रुपये है, जो हमारी कर प्राप्तियों से कहीं अधिक है। पूंजीगत व्यय 12.22 लाख करोड़ रुपये आंका गया है, जो जीडीपी का 3.1% है और 2025-26 के अनुमानित राजस्व से 11.5% अधिक है।
इससे पहले लोकसभा में बोलते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राज्यों को केंद्र से उनकी कर हिस्सेदारी का हस्तांतरण नहीं होने संबंधी कुछ विपक्षी सांसदों के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि सरकार ने केंद्र के विभाज्य पूल में से किसी राज्य का हिस्सा नहीं घटाया है। सीतारमण ने कहा, “हम पर आरोप लगता है कि हम राज्यों की 41 प्रतिशत कर हिस्सेदारी का हस्तांतरण नहीं करते। मैं सदन के माध्यम से आश्वासन देती हूं कि हमने केंद्र के विभाज्य पूल में से किसी राज्य का हिस्सा नहीं घटाया है।”