Polyethylene Anti Dumping Probe : वाणिज्य मंत्रालय की इकाई डीजीटीआर ने भारतीय रसायन एवं पेट्रोरसायन संघ (Indian Chemical and Petrochemical Association) की शिकायत के बाद कुवैत, मलेशिया, ओमान, कतर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात से पॉलीथीन के आयात की डंपिंग रोधी जांच शुरू की है। आवेदक ने आरोप लगाया कि लीनियर-डेंसिटी पॉलीइथिलीन (LLDPE) की डंपिंग के बाद किए गए आयात के कारण उद्योग प्रभावित हुआ है। इसका इस्तेमाल मुख्य रूप से प्लास्टिक प्रसंस्करण (Plastic Processing) उद्योग के लिए कच्चे माल के रूप में किया जाता है, जिससे पैकेजिंग फिल्म, तार और केबल जैसे विभिन्न उत्पाद बनाए जाते हैं।
पढ़ें :- Iran Strait of Hormuz : ईरान की धमकी के बीच होर्मुज स्ट्रेट के पास से नहीं गुजर रहे तेल टैंकर, वैश्विक तेल बाजार में भारी हलचल
डीजीटीआर की अधिसूचना के अनुसार, आवेदक ने डंप किए गए आयातों के कारण घरेलू उद्योग को हुए नुकसान के संबंध में साक्ष्य प्रदान किए हैं। इसमें कहा गया है, “प्राधिकरण डंपिंग के अस्तित्व, डिग्री और प्रभाव का पता लगाने के लिए डंपिंग रोधी जांच शुरू करता है।”
यदि यह स्थापित हो जाता है कि डंपिंग से घरेलू खिलाड़ियों को भौतिक नुकसान हुआ है, तो डीजीटीआर आयात पर शुल्क लगाने की सिफारिश करेगा। शुल्क लगाने का अंतिम निर्णय वित्त मंत्रालय लेता है।