Sawan Pitru Suktam Path : इस समय सावन माह चल रहा है। भोलेनाथ् की कृपा पाने के साथ ही इस पवित्र माह में पितृगणों को भी प्रसन्न कर सकते है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अगर आप पितरों को प्रसन्न कर देते हैं तो सुख-समृद्धि आपको जीवन में प्राप्त होती है। जप , तप , उपवास के इस माह में पितृगणों को तर्पण कर के जीवन में सुख समृद्धि का वरदान उनसे मांग सकते है। सावन में पितृसूक्त का पाठ करने से पितृ दोष से मुक्ति मिल सकती है। जीवन में धन का अभाव सदा के लिए समाप्त हो जाएगा। भोलेनाथ का नवग्रहों पर आधिपत्य माना जात है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जिन व्यक्ति की जन्मपत्री में कालसर्प और पितृ दोष है वो लोग सावन में प्रतिदिन भगवान शिव की पूजा करके इन दोषों को दूर कर सकते हैं। वहीं ज्योतिष में एक ऐसे स्त्रोत का वर्णन मिलता है।
पढ़ें :- Adhik Mass Masik Durga Ashtami 2026 : अधिकमास की दुर्गा अष्टमी मां जगदंबा की कृपा प्राप्ति का विशेष अवसर , जानें महाउपाय
पितृ मंत्रों का जप
सावन के पावन माह में आपको पितरों की कृपा प्राप्त करने के लिए पितृ मंत्रों का जप भी अवश्य करना चाहिए। आप हर दिन पितृ मंत्रों का जप कर सकते हैं। अगर ऐसा संभव न हो तो सोमवार, शनिवार, एकादशी, पूर्णिमा और अमावस्या के दिन मंत्रों का जप अवश्य करें।
पितृ को प्रसन्न करने के लिए मंत्र- ‘ॐ पितृभ्यः नमः’, ‘ॐ पितृदेवतायै नमः’
पितरों के नाम का दीपक जला सकते हैं। इसके अलावा, सावन में गरीबों को भोजन कराना भी पितरों को प्रसन्न करने का एक अच्छा उपाय है।
पितृसूक्त का पाठ
पितृसूक्त का पाठ करने से भी पितरों की कृपा प्राप्त होती है।