नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी एंटी पेपर लीक बिल पर बोलना शुरू हुआ तो हंगामा शुरू हो गया। अब इसको लेकर राहुल गांधी ने बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि, मुझे बीजेपी ने बोलने नहीं दिया। माइक बंद कर सकते हैं लेकिन छात्रों की गूंज नहीं।
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कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, आज संसद में मेरे भाषण के दौरान मैंने दिल्ली में छात्रों पर हुई बर्बरता का मुद्दा उठाया और इसके ज़िम्मेदार का नाम लिया-गृह मंत्री अमित शाह। मुझे BJP ने बोलने नहीं दिया। आज शाम 6 बजे-प्रेस कॉन्फ्रेंस करूंगा और वो सब कहूंगा जो सदन में कहने नहीं दिया गया। माइक बंद कर सकते हैं – छात्रों की गूंज नहीं।
आज संसद में मेरे भाषण के दौरान मैंने दिल्ली में छात्रों पर हुई बर्बरता का मुद्दा उठाया और इसके ज़िम्मेदार का नाम लिया – गृह मंत्री अमित शाह।
मुझे BJP ने बोलने नहीं दिया।
आज शाम 6 बजे – प्रेस कॉन्फ्रेंस करूंगा और वो सब कहूंगा जो सदन में कहने नहीं दिया गया।
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माइक बंद कर सकते हैं…
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 29, 2026
बता दें कि, राहुल गांधी के बयान पर संसद में हंगामा हो गया। भाजपा सांसदों ने राहुल गांधी से मांफी मांगने की मांग की। दरअसल, राहुल गांधी ने कहा, मैंने छात्रा से पूछा कि जो छात्र होता है, इसका लक्ष्य क्या होता है। इस पर छात्रा ने बताया कि, छात्र हमेशा सच्चाई के पीछे दौड़ते हैं और सच्चाई को अपने सीने पर गर्व से लेकर घूमता है। नेता विपक्ष ने आगे कहा, मैंने दूसरे वर्ग के बारे में पूछा तो उसने कहा कि, दूसरे वर्ग को एक छवि की जरूरत होती है। चूंकि वो इमेज सच नहीं है, क्योंकि इडियट यह दिखावा कर रहा है कि वो भगवान है। ऐसे में उसे एक बड़ी छवि बनानी होती है। मैंने सोचा कि ये स्टूडेंट है, इडियट भी है, तो मैंने उससे पूछा कि तीसरी कैटेगरी कहा जाती है।… मैंने कहा अंधभक्त, इसे कहां डाला जाए। उसने कहा कि अंधभक्त वह होता है, जिसे यह भरोसा हो जाता है कि दूसरा इडियट भगवान है।” राहुल गांधी के इस बयान के बाद संसद में जमकर हंगामा हुआ।