UP Defense Mock Drill: पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। दोनों देशों के बीच किसी भी वक्त जंग छिड़ने की आशंका जतायी जा रही है। इसी बीच केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश पर देश के 244 जिलों में बुधवार 7 मई को सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल की जाएगी। इनमें यूपी के कई जिले भी शामिल होंगे। मॉक ड्रिल के दौरान लोगों को हवाई हमले, ड्रोन अटैक और मिसाइल हमले जैसी स्थितियों से बचाव की जानकारी दी जाएगी।
पढ़ें :- Washington Sundar Replacement : दिल्ली के आयुष बडोनी की चमकी किस्मत, वाशिंगटन सुंदर की जगह टीम इंडिया में मिली जगह
देश में करीब 54 साल बाद सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल करायी जा रही है। अंतिम बार 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के समय इस तरह की मॉक ड्रिल कराई गई थी। केंद्र सरकार के निर्देश पर यूपी में करायी जाने वाली मॉक ड्रिल के दौरान ब्लैकआउट या पूर्ण अंधकार की रणनीति भी लागू की जाएगी। यानी हमले के समय सभी घरों, दफ्तरों और सार्वजनिक स्थानों की लाइटें बंद कर दी जाएंगी। जिससे दुश्मन की नजर से नागरिक बच सकें। इसके अलावा, चेतावनी के लिए जंगी सायरन बजाए जाएंगे। सायरन सुनते ही लोगों को सतर्क होकर सुरक्षित स्थानों-जैसे बंकर, सुरक्षित कमरे या खुले स्थान से दूर रहना होगा। विशेषज्ञ मानते हैं कि सायरन सुनते ही सबवे, अंडरपास, कम ऊंचाई वाले फ्लाईओवर के नीचे या घरों के अंदरूनी मजबूत हिस्सों में शरण लेना सबसे सुरक्षित हैं।
राज्य में मॉक ड्रिल के बारे में यूपी के डीजीपी प्रशांत कुमार का कहना है, “केंद्र सरकार से 7 मई को मॉक ड्रिल के बारे में जानकारी मिली है। 19 जिलों की पहचान की गई है (यूपी में), एक जिला ए श्रेणी में है, 2 जिले सी श्रेणी में हैं, और बाकी बी श्रेणी में हैं। इस जगह की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए, प्रशासन ने यह आदेश दिया है कि यह मॉक ड्रिल नागरिक प्रशासन, पुलिस प्रशासन, अग्निशमन सेवा, आपदा प्रतिक्रिया बल के साथ आयोजित की जाएगी, ताकि हम किसी भी तरह की आपातकालीन स्थितियों से निपट सकें… स्थानीय प्रशासन समय तय करेगा।”
रिपोर्ट्स के अनुसार, यूपी मेंगाजियाबाद, झांसी, गोरखपुर, आगरा, प्रयागराज, बरेली, कानपुर, मथुरा, लखनऊ, मेरठ, मुरादाबाद, सहारनपुर, वाराणसी, बख्शी का तालाब, मुगलसराय, बागपत और मुजफ्फरनगर में जंगी सायरन बजेगा।