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अमिताभ ठाकुर ने ADG लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश पर लगाया गंभीर आरोप, CM योगी से CBI जांच की मांग की 

By santosh singh 
Updated Date

लखनऊ। आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur)  ने अब ADG लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश (ADG Law and Order Amitabh Yash) पर गंभीर आरोप लगाते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) को पत्र भेजा है। अपने पत्र में उन्होंने आरोप लगाया है कि कानपुर के कुख्यात अपराधी व अधिवक्ता अखिलेश दुबे को एडीजी स्तर से संरक्षण मिल रहा है। अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur) ने अपने पत्र के जरिये मांग की है कि इस मामले को तत्काल सीबीआई को सौंपा जाए । जांच पूरी होने तक अमिताभ यश को पद से हटाया जाए। आरोपों में IAS-IPS अधिकारियों की मिलीभगत की बात भी सामने आई है, जिससे मामला और ज्यादा गंभीर हो गया है।

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आरोपों से मचा हड़कंप, ADG अमिताभ यश पर लगाए गंभीर आरोप

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राजधानी लखनऊ से निकले इस विवाद ने यूपी पुलिस और प्रशासनिक हलकों में खलबली मचा दी है। पूर्व आईपीएस अधिकारी और आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) को पत्र लिखकर ADG लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश (ADG Law and Order Amitabh Yash)  पर कानपुर के कुख्यात गैंग सरगना अखिलेश दुबे को संरक्षण देने का आरोप लगाया है। अमिताभ ठाकुर का कहना है कि शिकायतकर्ता रवि सतीजा ने प्रेसवार्ता में बताया कि जब वह पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार से मिले थे। तब एक प्रभावशाली एडीजी ने खुलकर अखिलेश दुबे का बचाव किया और चेतावनी दी कि उनका नाम लेने वालों की जान खतरे में होगी।

मामले की पृष्ठभूमि और संगीन आरोप

आपको बता दें कि ये पूरा मामला बीते 11 अगस्त से जुड़ा है, जब सीजीआईटी में अखिलेश दुबे के खिलाफ गंभीर आरोपों की सुनवाई चल रही थी। इस दौरान कई सरकारी विभागों और बड़े अफसरों की कथित संलिप्तता के आरोप सामने आए। अमिताभ ठाकुर ने दावा किया कि उन्होंने विभिन्न विश्वसनीय सूत्रों से जानकारी लेकर पाया कि उस एडीजी का नाम अमिताभ यश है। अमिताभ ठाकुर का कहना है कि यह केवल व्यक्तिगत आरोप नहीं बल्कि ठोस गवाहियों और बयानबाजी पर आधारित तथ्य हैं, जिन्हें नज़रअंदाज़ करना कानून व्यवस्था के लिए खतरनाक हो सकता है।

सीबीआई से निष्पक्ष जांच कराई जाए

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अमिताभ ठाकुर ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में स्पष्ट लिखा है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे तुरंत सीबीआई को सौंपा जाए। उनका कहना है कि जब तक जांच पूरी नहीं होती, तब तक अमिताभ यश को उनके पद से हटाना जरूरी है ताकि जांच पर किसी तरह का प्रभाव न पड़े। ठाकुर ने यह भी उल्लेख किया कि इस मामले में कई शिकायतें और साक्ष्य पहले से मौजूद हैं, जिन्हें सीबीआई के पास भेजकर निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए।

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