अमरोहा। उत्तर प्रदेश के अमरोहा में एक कैमरामैन से तीन बहनों की शादी का मामला आखिरकार सोशल मीडिया प्रैंक निकला। सोमवार को तीनों बहनें बाल कल्याण समिति (CWC) के सामने पेश हुईं, जहां उन्होंने स्वीकार किया कि शादी सिर्फ फॉलोअर्स बढ़ाने के लिए रचाई गई एक वीडियो थी। उन्होंने माना कि वीडियो वायरल होने के बाद ट्रोलिंग और विवाद बढ़ने पर भी वे लगातार इसे सच बताती रहीं जो उनकी बड़ी गलती थी।
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CWC में करीब चार घंटे तक चली पूछताछ के दौरान तीनों बहनों ने अपने दस्तावेज भी जमा किए। इसके बाद समिति ने उन्हें परिवार के साथ घर जाने की अनुमति दे दी। इस दौरान उनके माता-पिता और भाई भी मौजूद रहे।
क्या था पूरा मामला
अमरोहा के हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के धौरिया गांव की रहने वाली अलका (20), देविका (19) और संतोष उर्फ छवि सोशल मीडिया पर वीडियो बनाती हैं। श्यामपुरी गांव निवासी विकास उर्फ विक्कू उनके वीडियो शूट करने का काम करता है। 17 जुलाई को एक वीडियो सामने आया था, जिसमें विकास तीनों बहनों के साथ शादी करता दिखाई दे रहा था। वीडियो वायरल होते ही मामला पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया। विवाद बढ़ने पर पुलिस ने भी तीनों बहनों से पूछताछ की थी। उस समय उन्होंने दावा किया था कि उन्होंने अपनी मर्जी से एक ही युवक से शादी की है और वे उसके साथ रहना चाहती हैं। इतना ही नहीं, सोशल मीडिया पर लगातार कई वीडियो जारी कर शादी को असली बताया गया। एक वीडियो में उन्होंने यह तक कहा था कि अगर उन्हें परेशान किया गया तो चारों आत्महत्या कर लेंगे।
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मामले ने तब नया मोड़ लिया जब संतोष उर्फ छवि की हाईस्कूल की मार्कशीट सामने आई, जिसमें उसकी जन्मतिथि वर्ष 2011 दर्ज थी। नाबालिग होने की आशंका के चलते बाल कल्याण समिति ने 24 जुलाई को नोटिस जारी कर सभी को तलब किया था। नोटिस मिलने के बाद तीनों बहनें और विकास हरिद्वार चले गए थे, जहां से भी उन्होंने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट किए। सोमवार सुबह सभी लोग परिवार के साथ CWC कार्यालय पहुंचे और समिति के सामने लिखित व मौखिक बयान में स्वीकार किया कि शादी केवल एक प्रैंक वीडियो थी।
सबसे बड़ी बहन अलका ने कहा कि सोशल मीडिया पर प्रैंक वाीडियो का चलन देखकर उन्होंने भी ऐसा कंटेंट बनाने को फैसला किया था। उनका कहना है कि शादी वाला वीडियो शूट करने से पहले उन्होंने एक अलग वीडियो भी रिकॉर्ड किया था, ताकि बाद में साबित कर सकें कि यह सिर्फ प्रैंक था। हालांकि उन्हें अंदाजा नहीं था कि मामला इतना बढ़ जाएगा। उन्होंने कहा कि उन्हें शरुआत में ही सच्चाई बता देनी चाहिए थी और इसके लिए उन्होंने माफी भी मांगी।
दूसरी बहन देविका ने बतााय कि प्रैंक वीडियो से पहले इंस्टाग्राम पर उनके करीब साढ़े चार लाख फॉलोअर्स थे, जो अब बढ़कर पांच लाख हो गए हैं। यूट्यूब पर भी उन्होंनेह हाल ही में काम शरू किया है और वहां करीब 11 हजार फॉलोअर्स हैं। उन्होंने कहा कि फिलहाल सोशल मीडिया से कोई कमाई नहीं हो रही है और इस पूरे मामले को इतना लंबा खींचना उनकी गलती थी।
CWC कमेटी ने तीनों लड़कियों से पूछताछ की
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बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष अतुलेश भारद्वाज ने बताया कि तीनों बहनों ने अपने बयान में स्पष्ट कहा है कि उन्होंने कोई शादी नहीं की थी। यह वीडियो केवल सोशल मीडिया पर फॉलोअर्स बढ़ाने के उद्देश्य से बनाया गया प्रैंक था। आवश्यक सोशल मीडिया पर फॉलोअर्स बढ़ाने के उद्देश्य से बनाया गया प्रैंक था। आवश्यक दस्तावेज जमा कराने और बयान दर्ज करने के बाद सभी को घर भेज दिया गया।