उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले के बिलग्राम क्षेत्र के हबीबनगर गांव में शुक्रवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक ही कमरे में महिला और उसके देवर के शव मिले। दोनों की मौत संदिग्ध परिस्थितियों में हुई है। घटना का पता महिला के 8 साल के बेटे को चला.,..
हरदोई : उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले के बिलग्राम क्षेत्र के हबीबनगर गांव में शुक्रवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक ही कमरे में महिला और उसके देवर के शव मिले। दोनों की मौत संदिग्ध परिस्थितियों में हुई है। घटना का पता महिला के 8 साल के बेटे को चला। उसने कमरे के अंदर दोनों को देखा और रोते हुए परिवार के लोगों को इसकी जानकारी दी।
मृतकों की पहचान 35 वर्षीय सीमा और उसके 22 वर्षीय देवर रामरूप के रूप में हुई है। सूचना मिलने के बाद बिलग्राम पुलिस मौके पर पहुंची। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था, जिसे पुलिस ने खुलवाया। दोनों शवों को बाहर निकालकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य भी जुटाए हैं।
रात में क्या हुआ, पुलिस तलाश रही जवाब
परिवार के मुताबिक रामरूप करीब सात दिन पहले गांव आया था। गुरुवार रात वह घर पर था और बाद में सीमा के घर भी गया था। पुलिस के सामने अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि रात में दोनों के बीच क्या हुआ।
ग्रामीणों के बीच दोनों के बीच कथित प्रेम संबंध की चर्चा है। हालांकि परिवार के लोगों ने इस बात से इनकार किया है। दूसरी तरफ सीमा की मां ने रामरूप पर बेटी के साथ मारपीट करने के बाद उसकी हत्या करने और फिर खुद जान देने का आरोप लगाया है। पुलिस ने इस आरोप को भी जांच का हिस्सा बनाया है। फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों का इंतजार किया जा रहा है।
बेटे ने झरोखे से देखा तो खुला मामला
शुक्रवार सुबह सीमा का 8 साल का बेटा मां को आवाज देते हुए दूसरे कमरे की तरफ गया। दरवाजा बंद मिलने पर उसने दीवार में बने झरोखे से अंदर देखा। वहां उसे मां और चाचा के शव दिखाई दिए। बच्चे ने इसकी जानकारी परिवार के लोगों को दी जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए बिलग्राम कोतवाल विजय कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। टीम ने घटनास्थल की जांच कर जरूरी साक्ष्य सुरक्षित किए। पुलिस ने पंचनामा भरने के बाद शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया।
पति अयोध्या में करता है काम
सीमा की शादी करीब 12 साल पहले देशराज से हुई थी। उसके तीन बेटे हैं। पुलिस और स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक, देशराज काम के सिलसिले में अयोध्या में रहता है। रामरूप भी बाहर काम करता था और हाल में गांव आया था।
परिवार के मुताबिक गांव में उनके दो मकान हैं। एक मकान में देशराज का परिवार रहता था, जबकि दूसरे में राजाराम, उनकी पत्नी और रामरूप रहते थे। दोनों मकानों के बीच करीब 500 मीटर की दूरी बताई गई है। रिपोर्टों के मुताबिक, रामरूप कभी अपने घर तो कभी सीमा के घर रुक जाता था।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से साफ होगी मौत की वजह
घटना के बाद से गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हैं लेकिन पुलिस फिलहाल सभी पहलुओं की जांच कर रही है। कोतवाल विजय कुमार के मुताबिक पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और परिजनों की ओर से मिलने वाली शिकायत के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने मौके से मिले साक्ष्यों को जांच में शामिल कर लिया है। अब पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच से यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि दोनों की मौत किन परिस्थितियों में हुई।