लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि, SIR में ‘फॉर्म 7’ के माध्यम से भाजपा द्वारा प्रदेश के कई जिलों से पीडीए और ख़ासतौर पर अल्पसंख्यकों के वोट कटवाने की जो साज़िश की जा रही है, उसका तत्काल संज्ञान लिया जाए।
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बेईमानी पर उतारू, ये घपलेबाज भाजपाई अपने विमुख हो चुके पन्ना प्रमुख तक ढूंढकर नहीं ला पा रहे हैं, वोटर कहां से लाएंगे। भाजपाई इस बार जाएंगे तो फिर कभी नहीं आएंगे। उनकी हार की हताशा चुनावों से पहले ही कमीशन के बंटवारे की लड़ाई, आपसी सर फुटव्वल और बंधकबाजी में दिखने लगी है।
उन्होंने आगे कहा, भाजपा की होने वाली सौ-प्रतिशत हार के मूल कारण: पीडीए समाज की एकता, पीडीए प्रहरियों की सजगता, अल्पसंख्यकों पर झूठे मुक़दमों से फूटा गुस्सा, बेरोज़गारों-युवाओं का आक्रोश, काशी में धर्म-संस्कृति का ध्वस्तीकरण, प्रयागराज में साधु-संतों का अपमान, मथुरा में समाज विशेष से बदसलूकी, किसानों की खेती ख़त्म करने का षड्यंत्र, मज़दूरों को सही मज़दूरी न मिलना, महंगाई व बेकारी से ख़फ़ा ग़रीब व मध्यम वर्ग, शोषणकारी टैक्स और जीएसटी के डबल वसूली इंजन से नाराज़ व्यापारी व छोटे कारोबारी, दुकानदार और दूसरे राज्यों के ठेकेदारों के कारण, उप्र के खाली बैठे ठेकेदार हैं।
SIR में ‘फॉर्म 7’ के माध्यम से भाजपा द्वारा प्रदेश के कई जिलों से पीडीए और ख़ासतौर पर अल्पसंख्यकों के वोट कटवाने की जो साज़िश की जा रही है, उसका तत्काल संज्ञान लिया जाए।
बेईमानी पर उतारू, ये घपलेबाज भाजपाई अपने विमुख हो चुके पन्ना प्रमुख तक ढूंढकर नहीं ला पा रहे हैं, वोटर कहाँ…
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— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) January 31, 2026
अखिलेश यादव ने आगे कहा कि, भाजपा की आपसी फूट, भाजपाई मंत्री-विधायक की आपसी लड़ाई, भाजपा का महाभ्रष्टाचार, भाजपा में वर्चस्व का संघर्ष, भाजपा के परंपरागत वोटरों का टूटना, भाजपा राज में चतुर्थ श्रेणी व संविदाकर्मियों की बदहाली शामिल है। अब क्या भाजपा इन सबके वोट भी कटवा देगी। भाजपा की हार तय है और विदाई भी। भाजपाई संगी-साथी भी अपने भूमिगत ठिकाने तलाशने लगे हैं और भाजपा के झंडे उतरने शुरू हो गये हैं। अब तो भाजपाई भी कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा।