नई दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि, BJP-RSS हर कदम पर दलित-बहुजन इतिहास मिटाना चाहती है, ताकि जातीय भेदभाव और अन्याय की असली सच्चाई सामने न आ सके।
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राहुल गांधी ने सोशल मीडिया एक्स पर एक पोस्ट लिखा है। उन्होंने लिखा कि, BJP-RSS के नेता एक तरफ फुले जी को दिखावटी नमन करते हैं, और दूसरी तरफ उनके जीवन पर बनी फिल्म को सेंसर कर रहे!
महात्मा फुले और सावित्रीबाई फुले जी ने जातिवाद के खिलाफ लड़ाई में पूरा जीवन समर्पित कर दिया, मगर सरकार उस संघर्ष और उसके ऐतिहासिक तथ्यों को पर्दे पर नहीं आने देना चाहती। BJP-RSS हर कदम पर दलित-बहुजन इतिहास मिटाना चाहती है, ताकि जातीय भेदभाव और अन्याय की असली सच्चाई सामने न आ सके।
2024 के लोकसभा चुनाव में हमने देश के युवाओं से ‘पहली नौकरी पक्की’ देने का वादा करते हुए ‘1 लाख रुपए वार्षिक अप्रेंटिसशिप’ की गारंटी दी थी।
युवाओं के बेहतर भविष्य और बेरोजगारी से राहत दिलाने के लिए यह एक क्रांतिकारी योजना थी।
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शायद मोदी सरकार को भी इसका अंदाज़ा था, इसलिए उसने… https://t.co/YMpSA5rcS6
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) April 11, 2025
इससे पहले राहुल गांधी ने कहा था कि, 2024 के लोकसभा चुनाव में हमने देश के युवाओं से ‘पहली नौकरी पक्की’ देने का वादा करते हुए ‘1 लाख रुपए वार्षिक अप्रेंटिसशिप’ की गारंटी दी थी। युवाओं के बेहतर भविष्य और बेरोजगारी से राहत दिलाने के लिए यह एक क्रांतिकारी योजना थी। शायद मोदी सरकार को भी इसका अंदाज़ा था, इसलिए उसने हमारे घोषणा पत्र से नकल करते हुए ‘Employment Linked Incentive’ स्कीम की घोषणा की।
लेकिन दुर्भाग्य देखिए, इस स्कीम से एक भी युवा को लाभ नहीं मिला, क्योंकि ₹10,000 करोड़ की राशि आवंटित करने के बावजूद बिना उपयोग के वापस कर दी गई। इससे एक बार फिर साफ होता है कि मोदी सरकार के लिए युवाओं का भविष्य कोई मायने नहीं रखता। जब देश में बेरोजगारी चरम पर है और युवा हताश हैं, तब भी सरकार की यह लापरवाही सिर्फ चौंकाने वाली ही नहीं, शर्मनाक भी है।