Advertisement
  1. हिन्दी समाचार
  2. दिल्ली
  3. LPG संकट पर केंद्र सरकार का बड़ा बयान, जनता वैकल्पिक ईंधन के विकल्पों पर भी करे विचार

LPG संकट पर केंद्र सरकार का बड़ा बयान, जनता वैकल्पिक ईंधन के विकल्पों पर भी करे विचार

By संतोष सिंह 
Updated Date

नई दिल्ली। इजरायल-ईरान युद्ध (Israel-Iran War) को 20 दिन पूरे हो गए हैं। इस दौरान होर्मूज स्ट्रेट से क्रूड और गैस के 9 जहाज ही गुजरे हैं। ऐसे में दुनिया के साथ भारत में भी एलपीजी गैस की कमी (LPG Crisis) बनी हुई है। ऐसे में पेट्रोलियम मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा (Sujata Sharma, Joint Secretary, Ministry of Petroleum) ने कहा कि LPG की स्थिति अभी भी गंभीर है। सरकार आपूर्ति करने की कोशिश कर रही है।

पढ़ें :- दुनिया में संघर्ष की जड़ ‘स्वार्थ और वर्चस्व’, शांति का रास्ता ‘धर्म और अनुशासन’: RSS प्रमुख मोहन भागवत

सरकार का कहना है कि घरेलू उपभोक्ताओं तक 100% एलपीजी पहुंचाई जा रही है। हालांकि हालात अभी भी चिंताजनक बने हुए हैं। पैनिक बुकिंग में कमी आई है, लेकिन लोगों से अपील की गई है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और जरूरत के हिसाब से ही गैस बुक करें। सरकार ने साफ कहा है कि एलपीजी की स्थिति अभी भी गंभीर है। सप्लाई बनाए रखने की कोशिश जारी है, लेकिन आम लोगों से अनुरोध है कि वे वैकल्पिक ईंधन के विकल्पों पर भी विचार करें और घबराहट में खरीदारी से बचें।

सरकार ने कालाबाजारी और जमाखोरी के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक, कई राज्यों में 4500 से ज्यादा छापेमारी की गई है। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि एलपीजी की सप्लाई सही तरीके से आम लोगों तक पहुंचे। सरकार ने एलपीजी उत्पादन बढ़ाने पर भी जोर दिया है। फिलहाल घरेलू उत्पादन करीब 40% तक पहुंच चुका है, जिससे आयात पर निर्भरता कुछ कम करने की कोशिश हो रही है।

इसी बीच राकेश सिन्हा ने बताया कि खाड़ी क्षेत्र में भारत के 22 जहाज और नाविक सुरक्षित हैं, लेकिन वे फिलहाल वहीं स्थिर हैं। विदेश मंत्रालय के अनुसार, रणधीर जायसवाल (Randhir Jaiswal) ने कहा कि प्रधानमंत्री ने ओमान, कतर समेत कई खाड़ी देशों और इमैनुएल मैक्रों जैसे वैश्विक नेताओं से बातचीत की है और कूटनीतिक समाधान पर जोर दिया है।

भारतीयों की मौत से चिंता

पढ़ें :- Israel-Iran war: खाड़ी देशों ने ईरान की ताक़त को ख़त्म करने के लिए अमेरिका पर बनाया दबाव

अतिरिक्त सचिव असीम महाजन (Additional Secretary Asim Mahajan) के मुताबिक, रियाद में 18 मार्च को हुए हमले में एक भारतीय नागरिक की मौत हुई है। अब तक इस संघर्ष में 6 भारतीयों की जान जा चुकी है।

Advertisement