Odisha Rajya Sabha Election Cross-Voting : ओडिशा कांग्रेस ने अपने दो विधायकों दशरथी गमांगो और सोफिया फिरदौस को अयोग्य घोषित करने विधानसभा अध्यक्ष को पत्र लिखा है। ये दोनों विधायक कथित तौर पर राज्यसभा चुनावों में कथित क्रॉस-वोटिंग में शामिल थे। जिसके चलते भाजपा समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार दिलीप राय की जीत हुई थी। पार्टी ने हार के बाद क्रॉस वोटिंग करने वाले विधायकों को सस्पेंड कर दिया था।
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राज्यसभा चुनाव के बाद ओडिशा प्रदेश कांग्रेस कमेटी (OPCC) ने मंगलवार को एक बयान जारी कर क्रॉस वोटिंग में शामिल तीन विधायकों को सस्पेंड कर दिया था। कांग्रेस की प्रदेश इकाई ने एक बयान में कहा था, “राज्यसभा चुनावों के दौरान कथित पार्टी-विरोधी गतिविधियों के लिए तीन विधायकों—रमेश जेना, दशरथी गमांगो और सोफिया फिरदौस—को निलंबित कर दिया है। उन्होंने पार्टी व्हिप का उल्लंघन किया और भाजपा-समर्थित उम्मीदवार के पक्ष में मतदान किया, जिससे पार्टी अनुशासन टूटा और कांग्रेस के हितों को नुकसान पहुँचा। यह निलंबन तत्काल प्रभाव से लागू है।”
इससे पहले ओडिशा कांग्रेस के प्रभारी अजय कुमार लल्लू ने कहा था कि उनकी पार्टी के तीन विधायकों ने अपना भविष्य बेच दिया है। उन्होंने एक समाचार एजेंसी से बातचीत में कहा, “आज धन-बल जीता है दिलीप राय नहीं जीते हैं। हॉर्स ट्रेडिंग हुई खरीद-फरोख्त हुआ है और हमारी पार्टी के विधायकों ने ने अपना भविष्य बेच दिया है।” उन्होंने कहा, “जिन विधायकों ने विश्वासघात किया है पार्टी उनको बख्श ने वाली नहीं है। उन्हें सस्पेंड भी किया जाएगा और विधानसभा अध्यक्ष को याचिका देकर उनकी सदस्यता भी निरस्त कराएंगे।”
बता दें कि ओडिशा कांग्रेस को पहले ही हॉर्स ट्रेडिंग का डर सता रहा था, इसलिए उन्होंने अपने विधायकों को बेंगलुरु के एक रिज़ॉर्ट में भेज दिया था। फिर उनकी ये रणनीति काम नहीं आयी। राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग हुई जिसके चलते चौथी सीट कांग्रेस के हाथ से निकल गयी। भाजपा ने दो और बीजेडी ने एक सीट अपने नाम की है। चौथी सीट पर भाजपा समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार दिलीप राय ने जीत दर्ज की है।