नई दिल्ली। बिहार के पटना स्थित जदयू कार्यालय में पुरुष कार्यकर्ता के साथ-साथ महिला कार्यकर्ता भी नीतीश कुमार (Nitish Kumar) के मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़ राज्यसभा जाने के निर्णय से आक्रोशित हैं। महिला कार्यकर्ताओं ने इस बात का ठीकरा अपने ही वरिष्ठ नेताओं संजय गांधी, संजय झा, ललन सिंह और विजय चौधरी पर फोड़ा है। महिला कार्यकर्ता ने कहा कि यही लोग जयचंद हैं, जिन्होंने भाजपा के इशारे पर यह खेल किया है। महिला कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाते हुए कहा कि ये भूंजा पार्टी करने वाले ही असली साजिशकर्ता हैं। इसको सभी बातों की जानकारी थी, लेकिन इनलोगों ने अपना फायदा देखते हुए पार्टी को रसातल में भेजने का काम किया है। महिला कार्यकर्ताओं ने खुली चुनौती देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अगर राज्यसभा गए तो सभी महिलाएं आत्मदाह करने पर मजबूर हो जाएंगी।
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सीएम को करनी पड़ी आपातकालीन बैठक
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Chief Minister Nitish Kumar) के राज्यसभा जाने को लेकर जदयू के कार्यकर्ता काफी भड़के हुए थे। गुस्सा इतना था कि सीएम हाउस जा रहे संजय गांधी को भी कार्यकर्ताओं ने वहां से खदेड़ दिया था। इतना ही नहीं जदयू के प्रदेश कार्यालय में भी हंगामा होता रहा। मजबूरन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Chief Minister Nitish Kumar) को मुख्यमंत्री आवास में विधायकों और एमएलसी की बैठक करनी पड़ी, जिसमें उन्होंने काफी दवाब देते हुए अपने नेताओं को माहौल शांत करने की अपील की। हालांकि इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भावुक भी हो गए थे।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सहमति के बाद आज अहले सुबह से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार राजनीति में सक्रिय हो गए हैं। उन्होंने शनिवार की सुबह संजय झा के आवास पर श्रवण कुमार, विजय चौधरी समेत 29 विधायकों के साथ बैठक की। इस बैठक में आगे की रणनीति पर चर्चाएं हुईं। अब तक की मिली जानकारी के मुताबिक नीतीश कुमार आज अपने गृह क्षेत्र बख्तियारपुर जाएंगे, जहां वह विकास कार्यों की समीक्षा करेंगे।