Pune Suspected Disease: महाराष्ट्र के पुणे में एक संदिग्ध बीमारी से हाहाकार मचा हुआ है। इस दुर्लभ न्यूरोलॉजिकल बीमारी के कारण एक व्यक्ति की मौत हो गयी है। जबकि इससे संक्रमितों की संख्या 100 के पार जा चुकी हैं। जिनमें से 16 मरीज वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं।
पढ़ें :- IND vs NZ 1st T20I Live Streaming : आज भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी20आई सीरीज का होगा आगाज, जानें- कब, कहां देख पाएंगे पहला मैच लाइव
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पुणे और उसके आसपास के शहरों में संदिग्ध बीमारी गिलियन-बैरे सिंड्रोम (जीबीएस) के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि महाराष्ट्र के सोलापुर में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जिसके तंत्रिका संबंधी विकार ‘गुइलेन-बैरे सिंड्रोम’ से पीड़ित होने का संदेह था। पीड़ित को पुणे में संक्रमण हुआ और बाद में वह सोलापुर पहुंचा।
बताया जा रहा है कि महाराष्ट्र स्वास्थ्य विभाग ने सोलापुर के अलावा, पुणे, पिंपरी चिंचवाड़, पुणे ग्रामीण और आस-पास के कुछ इलाकों में जीबीएस के संदिग्ध 18 अन्य लोगों की भी पहचान की है। जिनका अलग-अलग अस्पतालों में इलाज चल रहा है। इन 101 मरीजों में से 16 वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं। इनमें 68 पुरुष और 33 महिलाएं शामिल हैं।
गिलियन-बैरे सिंड्रोम (जीबीएस) क्या होता है?
गिलियन-बैरे सिंड्रोम (जीबीएस) में शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली (Immune System) तंत्रिकाओं पर हमला करती है। यह कमजोरी, सुन्नता या पक्षाघात का कारण बन सकता है। हाथों और पैरों में कमजोरी और झुनझुनी आमतौर पर इसके पहले लक्षण होते हैं। ये संवेदनाएं तेजी से फैल सकती हैं और पक्षाघात का कारण बन सकती हैं। इस स्थिति वाले अधिकांश मरीजों को अस्पताल में इलाज की जरूरत होती है। गिलियन-बैरे सिंड्रोम दुर्लभ बीमारी का सटीक कारण ज्ञात नहीं है।