लखनऊ। बसपा सुप्रीमो मायावती ने सपा नेता रामजी लाल सुमन के बयान पर पलटवार करते हुए समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि, सपा अपनी पार्टी के दलित नेताओं को आगे करके विवादित बयानबाजी करा रही है। ऐसी पार्टियों से जुड़े अवसरवादी दलितों को दूसरों के इतिहास पर टीका-टिप्पणी करने की बजाय अपने समाज के सन्तों, गुरुओं व महापुरुषों की अच्छाईयों बताएं तो यह उचित होगा।
पढ़ें :- घरेलू LPG सिलेंडर की कीमत में 29 रुपये की बढ़ोतरी, आम आदमी को लगा महंगाई का तगड़ा झटका
मायावती ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा कि, विदित है कि अन्य पार्टियों की तरह आए दिन सपा द्वारा भी पार्टी के ख़ासकर दलित लोगों को आगे करके तनाव व हिंसा का माहौल पैदा करने वाले आ रहे इनके अति विवादित बयानबाजी, आरोप-प्रत्यारोप व कार्यक्रम आदि का जो दौर चल रहा है यह इनकी घोर संकीर्ण स्वार्थ की राजनीति ही प्रतीत होती है।
क्योंकि सपा भी दलितों के वोटों के स्वार्थ की खातिर यहां किसी भी हद तक जा सकती है। अतः दलितों के साथ-साथ अन्य पिछड़ों व मुस्लिम समाज आदि को भी इनके किसी भी उग्र बहकावे में नहीं आकर इन्हें इस पार्टी के भी राजनीतिक हथकण्डों का शिकार होने से ज़रूर बचना चाहिए।
1. विदित है कि अन्य पार्टियों की तरह आएदिन सपा द्वारा भी पार्टी के ख़ासकर दलित लोगों को आगे करके तनाव व हिंसा का माहौल पैदा करने वाले आ रहे इनके अति विवादित बयानबाजी, आरोप-प्रत्यारोप व कार्यक्रम आदि का जो दौर चल रहा है यह इनकी घोर संकीर्ण स्वार्थ की राजनीति ही प्रतीत होती है।
— Mayawati (@Mayawati) April 17, 2025
पढ़ें :- Hockey Junior Asia Cup 2026 : भारत की जीत पर सीएम योगी ने दी बधाई, बोले -प्रदेश के हॉकी खिलाड़ियों के योगदान को बताया प्रेरणादायी
साथ ही, ऐसी पार्टियों से जुड़े अवसरवादी दलितों को दूसरों के इतिहास पर टीका-टिप्पणी करने की बजाय यदि वे अपने समाज के सन्तों, गुरुओं व महापुरुषों की अच्छाईयों एवं उनके संघर्ष के बारे में बताएं तो यह उचित होगा, जिनके कारण ये लोग किसी लायक़ बने हैं।