Women’s Reservation Bill : केंद्र की मोदी सरकार ने 16 अप्रैल 2026 से संसद का विशेष सत्र बुलाया गया है, जो तीन दिनों तक चलेगा। आगामी सत्र में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लाने की संभावना जतायी जा रही है। इस बीच, पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद जयशंकर प्रसाद का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि प्रधानमंत्री की इच्छा है कि 2029 के चुनावों तक महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाए।
पढ़ें :- By-Election : पश्चिम बंगाल की तीन राज्यसभा व तीन राज्यों की इन विधानसभा सीटों पर उपचुनाव का एलान, जानें कब होगी वोटिंग और मतगणना?
पटना में भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने महिला आरक्षण बिल पर कहा, “प्रधानमंत्री महिलाओं के लिए आरक्षण को लेकर पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं। आपने देखा है कि उन्होंने सशस्त्र बलों में महिलाओं के लिए किस तरह से अवसर खोले हैं। आज देश की बेटियां राफेल जेट भी उड़ा रही हैं। BSF और CRPF जैसे बलों में महिलाओं को महत्वपूर्ण भूमिकाएं दी गई हैं। इसी तरह, प्रधानमंत्री का इरादा 2029 के चुनावों तक महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करने का है। अगर सभी पार्टियां सचमुच महिलाओं के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध हैं, तो उन्हें इसका समर्थन करना चाहिए। मैं इस विचार का स्वागत करता हूं और सभी से अपील करता हूं कि वे राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर अपना सहयोग दें।”
इस दौरान भाजपा सांसद से ममता बनर्जी के ताजा बयान (अगर ईवीएम में गड़बड़ी हो तो किसी को वोट न करें दें) पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, ‘ममता जी हार रही हैं, वो हताश हैं। दो बार तो वो ईवीएम से जीती हैं न? कैसे बनी हैं ईवीएम से न? ग्राम पंचायत में लूट करती हैं बैलेट पेपर का। जब आप ईवीएम से जीते तो ईवीएम ठीक है और जनता आपको हराना चाहती है तो ईवीएम खराब है। ये कौन सी सोच है। आज ईवीएम से कांग्रेस की कई राज्यों में सरकारें और उनके ईवीएम से ही कई सांसद बनें। ऐसे हताशा भरे बयानों से साफ है कि ममता बनर्जी हार रही हैं।’